नई दिल्ली | राजधानी दिल्ली की अनियमित कॉलोनियों में सड़क, जल निकासी और जलभराव की लंबे समय से चली आ रही समस्याओं को दूर करने के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है. सरकार ने 49 स्थानों पर सड़क, नाले और नालियों के निर्माण एवं सुधार कार्यों के लिए टेंडर जारी किए हैं. इन परियोजनाओं में पालम, द्वारका, मंडावली, छतरपुर समेत कई विधानसभा क्षेत्रों की अनियमित कॉलोनियां शामिल हैं. टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद मानसून समाप्त होते ही निर्माण कार्य शुरू होने की संभावना है. दिल्ली की अनियमित कॉलोनियों में बुनियादी ढांचे की कमी लंबे समय से सबसे बड़ी चुनौती बनी हुई है.

कई इलाकों में सड़कें खराब या अधूरी होने के कारण लोगों को रोजाना आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ता है. बारिश के दौरान हालात और ज्यादा खराब हो जाते हैं, क्योंकि पर्याप्त नालों और नालियों के अभाव में पानी सड़कों पर भर जाता है. इससे लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो जाता है और ट्रैफिक भी प्रभावित होता है.
दिल्ली की अनियमित कॉलोनियों को राहत
गंदे पानी के लंबे समय तक जमा रहने से बदबू, मच्छरों का प्रकोप और संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है. कई जगहों पर टूटी सड़कें और जलभराव बच्चों, बुजुर्गों तथा दोपहिया वाहन चालकों के लिए दुर्घटनाओं का कारण भी बनते हैं. स्थानीय लोग लंबे समय से इन समस्याओं के समाधान की मांग कर रहे थे. प्रस्तावित विकास कार्य पूरे होने के बाद जल निकासी व्यवस्था में बड़ा सुधार होगा. बारिश के दौरान जलभराव की समस्या कम होगी और लोगों को सुरक्षित तथा सुगम आवागमन की सुविधा मिलेगी. बेहतर सड़क नेटवर्क से स्थानीय व्यापार को भी बढ़ावा मिलेगा और रोजमर्रा की आवाजाही आसान होगी. इसके साथ ही, अनियमित कॉलोनियों में रहने वाले लाखों लोगों को मूलभूत नागरिक सुविधाओं की कमी से राहत मिलने की उम्मीद है.
टेंडर जारी
सरकार की योजना के तहत, जिन क्षेत्रों में टेंडर जारी किए गए हैं वहां सड़क निर्माण के साथ नालों और नालियों का निर्माण तथा मरम्मत भी की जाएगी. इन परियोजनाओं के पूरा होने से कॉलोनियों का बुनियादी ढांचा मजबूत होगा और बरसात के मौसम में लोगों को होने वाली परेशानियों में काफी कमी आएगी. निर्माण कार्य शुरू होने के बाद इन इलाकों में रहने वाले लोगों को लंबे समय से चली आ रही सड़क और जल निकासी की समस्याओं से राहत मिलने की उम्मीद है.