चंडीगढ़ | बेमौसमी बारिश और ओलावृष्टि से प्रभावित हुए किसानों को सूबे की नायब सैनी सरकार (Haryana Govt) ने बड़ी राहत प्रदान की है. सरकार ने फैसला लिया है कि उन किसानों को भी फसल में हुए नुकसान के लिए मुआवजा राशि दी जाएगी, जिन्होंने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत अपनी फसलों का बीमा नहीं करवा रखा है. सीएम नायब सैनी ने कहा कि किसानों को घबराने की जरूरत नहीं है.
सरकार ने जारी किया आदेश
प्रदेश सरकार के एक प्रवक्ता ने बताया कि ऐसे गैर पंजीकृत किसानों को अगले 3 दिनों के भीतर ई- क्षतिपूर्ति पोर्टल पर ओलावृष्टि से हुए नुकसान का ब्योरा दर्ज कराने को कहा गया है, ताकि कृषि विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचकर वास्तविक नुकसान का सही ढंग से आंकलन कर सकें. वहीं, फसलों का बीमा कराने वाले किसानों को बीमा कंपनियों द्वारा नुकसान का मुआवजा देने का प्रविधान है.
उन्होंने बताया कि सीएम नायब सैनी ने शनिवार को सभी जिलों के उपायुक्तों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठकर कर उन्हें बेमौसमी बरसात तथा ओलावृष्टि से हुए नुकसान की रिपोर्ट तीन दिनों के भीतर सरकार के पास भेजने के आदेश दिए हैं.
खराब फसल की दर्ज कराएं रिपोर्ट
कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने बताया कि राज्य में खराब फसलों की गिरदावरी का काम पहले ही शुरू हो चुका है. बुधवार देर शाम तक सभी जिलों से सरकार के पास रिपोर्ट पहुंच जाएगी, जिसके बाद प्रभावित किसानों को नुकसान का मुआवजा देने की प्रक्रिया शुरू की जा सकेगी.
श्याम सिंह राणा ने कहा कि किसानों को घबराने की जरूरत नहीं है. हमारी सरकार ओलावृष्टि से फसलों में हुए नुकसान की भरपाई करेगी. हमारी सरकार ने किसानों की सुविधा के लिए प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना और हरियाणा क्षतिपूर्ति पोर्टल के माध्यम से फसल नुकसान की रिपोर्टिंग की व्यवस्था उपलब्ध कराई है.
उन्होंने कहा कि जिन किसानों ने प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत अपना रजिस्ट्रेशन करवा रखा है, वे अपने निकटतम कृषि अधिकारी से संपर्क कर अपनी फसल खराबे की रिपोर्ट दर्ज कराएं. जिन्होंने बीमा नही कराया हैं, वो किसान आगामी 3 दिन के भीतर हरियाणा ई- क्षतिपूर्ति पोर्टल पर अपनी फसल खराब की रिपोर्ट दर्ज कराएं.
