चंडीगढ़ | हरियाणा में बिजली उपभोक्ताओं को महंगाई का जोरदार झटका लगा है. उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम (UHBVN) ने मई महीने में बिजली की दरों में बढ़ोतरी कर दी है. जिसके बाद लोगों के बिलों में 4 गुना तक की वृद्धि हुई है. यही नहीं, बिजली निगम द्वारा 75 रुपए प्रति किलोवाट फिक्स चार्ज भी जोड़ दिया है. यानि 10 किलोवाट कनेक्शन पर अब प्रत्येक महीने 750 रुपए एक्स्ट्रा देने होंगे.
4 गुना तक बढ़े बिजली बिल
पहले बिजली की दरें स्लैब वाइज तय थी. 50 यूनिट या उससे ज्यादा खपत पर 2.50 रुपए से साढ़े 6 रुपए प्रति यूनिट तक चार्ज लगता था लेकिन अब 5 किलोवाट से ज्यादा लोड होने पर 6.50 रुपए से 7.50 रुपए प्रति यूनिट तक वसूल किया जा रहा है. जिनका बिजली बिल पहले 1,000 रुपए आता था लेकिन अब नई दरों के हिसाब से 4,000 रुपए तक आ रहा है.
बिजली की दरों के नए रेट
2 किलोवाट
0-50: 2.20
51-100: 2.70
3 किलोवॉट
0-500: 6.50
501-1000 यूनिट: 7.15
1000+ यूनिट: 7.50
5 किलोवॉट
0 से 150 यूनिट: 2.95
151 से 300 यूनिट: 5.25
301 से 500 यूनिट: 6.45
500+ यूनिट: 7.10
कारोबारियों ने जताया विरोध
बहादुरगढ़ में चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज ने बिजली दरों में बढ़ोतरी पर ऐतराज जताते हुए बिजली मंत्री अनिल विज को पत्र लिखकर कहा है कि दिल्ली, यूपी और राजस्थान में हरियाणा से काफी कम फिक्स चार्ज हैं. इसलिए सरकार को फिक्स चार्ज में कटौती कर उद्योगों को तुरंत प्रभाव से राहत देनी चाहिए. यदि ऐसा नहीं होता है तो उद्योगों को पलायन करने पर मजबूर होना पड़ सकता है.
पंचकूला से सेक्टर- 10 निवासी रामेश्वर ने बताया कि पहले 950 रुपए के आसपास बिल आता था लेकिन अब 4500 रुपए बिल आया है. वहीं, पंचकूला से ही एक अन्य व्यक्ति ने बताया कि पहले 1900 रुपए के आसपास बिल आता था लेकिन अब 4595 रुपए बिल आया है.
घाटा पूरा करने के लिए बढ़ाई दरें
UHBVN के एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि बिजली निगम का घाटा बढ़कर 4,500 करोड़ रुपए पहुंच गया है और इसी घाटे को पूरा करने के लिए बिजली दरों में बढ़ोतरी का फैसला लिया गया है. इससे पहले 2017 में बिजली की दरें बढ़ाई गई थी.
