कुरूक्षेत्र | हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी लगातार इस मोर्चे पर डटे हुए हैं. मुख्यमंत्री और उनकी सरकार सिख समुदाय को रिझाने के लिए हरसंभव प्रयास कर रही है. अपने गृह जिले में सिख समुदाय के साथ जुड़ाव को मजबूत करने के अलावा मुख्यमंत्री नायब सैनी लगातार पंजाब का दौरा करते रहते हैं. दरअसल, 2027 में पंजाब में होने वाले विधानसभा चुनाव में सत्ता हासिल करने के लिए भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने अभी से अपनी तैयारियां शुरू कर दी है.
सिख समुदाय के लिए कई प्रोजेक्ट्स
सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार, सूबे की नायब सैनी सरकार पंजाब के आनंदपुर साहिब स्थित विरासत- ए- खालसा की तर्ज पर धर्मनगरी कुरुक्षेत्र में 3 एकड़ जमीन पर एक महत्वाकांक्षी सिख संग्रहालय के निर्माण की योजना बना रही है. प्रदेश सरकार ने इस संग्रहालय के लिए एक सलाहकार, स्प्लैट मीडिया को अंतिम रूप दे दिया है, जिसकी अनुमानित लागत 115 करोड़ रुपए आंकी गई है.
2 साल में तैयार होगा सिख संग्रहालय
इस महत्वाकांक्षी सिख संग्रहालय की आधारशिला नवंबर महीने में रखी जाएगी और दो साल में इस प्रोजेक्ट को पूरा कर लिया जाएगा. यहां लगभग कोई कलाकृतियां उपलब्ध नहीं हैं, इसलिए यह संग्रहालय सिख धर्म की जड़ों, खालसा के जन्म और उत्थान और महाराजा रणजीत सिंह के अधीन सिख साम्राज्य पर प्रकाश डालेगा.
यह दृश्य-श्रव्य माध्यमों से समकालीन वैश्विक सिख पहचान को भी प्रदर्शित करेगा. सलाहकार की संकल्पना योजना में एक एम्फीथिएटर, एक ध्यान कक्ष, एक प्रकाश एवं ध्वनि शो और एक संगीतमय फव्वारा आदि शामिल हैं.
