नई दिल्ली | देशभर में होने वाली जनगणना से जुड़ी बड़ी जानकारी सामने आई है. केंद्र सरकार ने लोकसभा में जानकारी देते हुए जनगणना को दो चरण में कराने पर निर्णय लिया गया है. पहला चरण अप्रैल से सितंबर 2026 के दौरान होगा. दूसरा चरण फरवरी 2027 में पूरा कर लिया जाएगा. इसमें खास बात यह है कि जनगणना में जातिवार गणना भी की जाएगी. 1931 के बाद यह पहली बार होगा कि जब जनगणना के साथ जातिवार गणना भी कराई जाएगी.

कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के एक सवाल के जवाब में गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने बताया कि पहले चरण में हाउज लिस्टिंग और हाउस सेंसस किया जाएगा, जबकि दूसरे चरण में जनसंख्या गणना कराई जाएगी. पहले चरण का काम अप्रैल से सितंबर के बीच होगा. जिसे सभी जगहों पर 30 दिन में पूरा कराया जाएगा.
डिजिटल होगी जनगणना
गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने बताया कि जनसंख्या की गिनती फरवरी 2027 में होगी और 1 मार्च 2027 से पहले इसे पूरा कर लिया जाएगा. जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, लद्दाख और उत्तराखंड के बर्फ से ढके इलाकों में जनगणना का काम सितंबर 2026 में कराया जाएगा, जिसे 1 अक्तूबर 2026 से पहले पूरा कर लिया जाएगा. उन्होंने बताया कि इस बार जनगणना में जाति की गणना भी की जाएगी और जनगणना का पूरा प्रोसेस डिजिटल रहेगा. मोबाइल एप के जरिए डेटा एकत्रित किया जाएगा और खुद से गिनती के लिए ऑनलाइन इंतजाम रहेगा.
जनगणना में पूछे जाएगे 30 प्रश्न
इस बार जनगणना में लगभग 30 प्रश्न पूछे जाएंगे जिसमें घर की सुविधाओं, संपत्ति, शिक्षा, रोजगार, वैवाहिक जीवन, आय, धर्म और जाति जैसी जानकारी शामिल होगी. इसमें देश की आबादी, सामाजिक और आर्थिक स्थिति के साथ- साथ अन्य महत्वपूर्ण जानकारी इकट्ठा होगी, जिसका उपयोग सरकार नीतियां बनाने और रोजगार तैयार करने के लिए करेंगी.