नई दिल्ली | मेडिकल स्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए आयोजित होने वाली NEET- UG परीक्षा के स्वरूप में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है. नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने अगले साल होने वाली परीक्षा की तैयारियां अभी से शुरू कर दी हैं. NEET- UG को पारंपरिक पेन- पेपर मोड की जगह कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट (CBT) के माध्यम से आयोजित किया जाएगा. सूत्रों के अनुसार, NEET- UG मूल रूप से स्वास्थ्य मंत्रालय से जुड़ी परीक्षा है इसलिए इस बदलाव के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय की सहमति भी आवश्यक थी.

लंबे समय तक चली चर्चा के बाद स्वास्थ्य मंत्रालय ने भी परीक्षा को CBT मोड में आयोजित करने पर अपनी सहमति दे दी है. केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने NEET-UG में बदलाव का संकेत उस समय दिया था, जब परीक्षा में पेपर लीक को लेकर विवाद खड़ा हुआ था.
NEET- UG 2027 में बदलाव
परीक्षा प्रक्रिया और सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की गई. अब NTA भविष्य की परीक्षाओं को अधिक विश्वसनीय बनाने के लिए नए प्रारूप पर काम कर रही है. जानकारी के अनुसार, NTA जल्द ही शिक्षा मंत्रालय और स्वास्थ्य मंत्रालय के साथ मिलकर राज्यों से भी चर्चा करेगी. इस चर्चा का उद्देश्य परीक्षा के नए स्वरूप को लेकर सभी पक्षों की राय लेना और छात्रों को समय रहते बदलावों के लिए तैयार करना है. इसके अलावा, आम लोगों और शिक्षा विशेषज्ञों से भी सुझाव लेने की तैयारी की जा रही है.
बदल जाएगा परीक्षा देने का तरीका
यह तय नहीं हुआ है कि NEET- UG का आयोजन एक ही दिन में होगा या फिर JEE Main और CUET की तरह कई दिनों तथा अलग- अलग शिफ्टों में परीक्षा कराई जाएगी. बता दें कि हर साल लगभग 22 से 24 लाख छात्र इस परीक्षा के लिए आवेदन करते हैं. ऐसे में इतनी बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों के लिए CBT मोड में परीक्षा कराना एक बड़ी चुनौती माना जा रहा है. दरअसल, परीक्षा सुधारों को लेकर गठित राधाकृष्णन समिति ने भी NEET-UG को कंप्यूटर आधारित मोड में आयोजित करने की सिफारिश की थी. हालिया विवादों के बाद इस सिफारिश पर फिर से गंभीरता से विचार किया गया है.