नई दिल्ली | लाखों पेंशनधारकों के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है. बता दें कि कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने कर्मचारी पेंशन योजना (EPS) में शामिल पेंशनधारकों के लिए एक अच्छी पहल की शुरुआत की है. दरअसल, अब पेंशनर्स को हर साल जीवन प्रमाण पत्र बनवाने के लिए बैंक और EPFO कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे. उन्हें घर बैठे ही यह सुविधा मिल जाएगी.
पेंशनर्स का घर बैठे बनेगा जीवन प्रमाण
इस पहल के अंतर्गत, पोस्टमैन खुद पेंशनर के घर जाकर जीवन प्रमाण तैयार करेंगे. पोस्टमैन तय समय के अंतराल में पेंशनर के घर पहुंच जाएंगे और पेंशन पेमेंट ऑर्डर एवं आधार कार्ड से जुड़ी जानकारी को सत्यापित करने के बाद फेस ऑथेंटिकेशन के माध्यम से डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र तैयार करेंगे. अगर किसी कारण से ऑथेंटिकेशन प्रक्रिया पूरी नहीं होती तो बायोमेट्रिक फिंगर प्रिंट के माध्यम से प्रक्रिया को पूरा किया जाएगा. इसके बाद, जीवन प्रमाण पत्र बनते ही पेंशनर के फोन पर SMS आएगा और प्रमाण पत्र जीवन प्रमाण पोर्टल पर अपलोड हो जाएगा. यह पूरी प्रक्रिया फ्री में की जाएगी.
डिजिटल भारत को मजबूत करने का प्रयास
यह सुविधा बुजुर्गों, बीमार व्यक्तियों और गांवों में रहने वालों के लोगों के लिए उपयोगी साबित होगी. यह पहल पेंशनरों के लिए जीवन सरलता को नई मजबूती देती है और इससे लाखों पेंशनर्स की पेंशन की रुकावट दूर होगी. EPFO का यह प्रयास डिजिटल भारत को मजबूत बनाते हुए बुजुर्गों की समस्या को भी कम रहा है.
लंबे समय से पड़े मामलों का निपटारा
EPFO ने सभी क्षेत्रीय कार्यालयों को निर्देश दिए है कि 5 साल से अधिक समय से पेंडिंग पड़े जीवन प्रमाण पत्रों के मामलों को पहले निपटाया जाए. इसके बाद 2 साल से पेंडिंग मामलों पर कार्य शुरू किया जाए. EPFO का लक्ष्य 2026 तक सभी जीवन प्रमाण पत्रों के मामलों का निपटारा करना है. इस दौरान यदि किसी पेंशनर की मृत्यु की जानकारी मिलती है तो पोस्टमैन तुरंत रिपोर्ट करेंगे, ताकि संबंधित पेंशन भुगतान आदेश (PPO) को बंद किया जा सके.
