गुरुग्राम | हरियाणा में गुरुग्राम नगर निगम ने वार्ड- 17 के 5 गांवों में पेयजल व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है. निगम ने मोहम्मदपुर, नरसिंहपुर, खेड़कीदौला, दरबारीपुर और पलड़ा गांवों के वाटर बूस्टिंग स्टेशनों के आधुनिकीकरण और क्षमता विस्तार के लिए 135.34 लाख रुपये की परियोजना को प्रशासनिक मंजूरी दे दी है. मुख्य अभियंता और सक्षम प्राधिकारी से स्वीकृति मिलने के बाद जल्द ही इस परियोजना के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाएगी. इस परियोजना का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा खेड़कीदौला वाटर बूस्टिंग स्टेशन को जीएमडीए की 900 मिमी मुख्य कैनाल आधारित जलापूर्ति लाइन से जोड़ना है.

योजना के तहत, पांचों वाटर बूस्टिंग स्टेशनों पर नए ट्यूबवेल, सबमर्सिबल पंप और अत्याधुनिक ऑटोमैटिक कंट्रोल पैनल लगाए जाएंगे. इन सुविधाओं के शुरू होने से पानी का दबाव बेहतर होगा और नियमित व निर्बाध जलापूर्ति की जा सकेगी.
गुरुग्राम में पेयजल व्यवस्था होगी हाईटेक
नई डक्टाइल आयरन (डीआई) पाइपलाइन बिछाकर वितरण नेटवर्क को भी मजबूत किया जाएगा जिससे पानी के रिसाव में कमी आएगी और अंतिम छोर तक पर्याप्त पेयजल पहुंच सकेगा. परियोजना में पुरानी मोटरों की मरम्मत और 10 लाख लीटर क्षमता वाली भूमिगत जल टंकी की सफाई भी शामिल है. इससे पेयजल की गुणवत्ता में सुधार होगा और जल वितरण व्यवस्था पहले से अधिक प्रभावी बन सकेगी. ऊर्जा की बचत को ध्यान में रखते हुए वाटर बूस्टिंग स्टेशनों पर एलईडी लाइटिंग और ऊर्जा-कुशल उपकरण भी लगाए जाएंगे जिससे संचालन लागत कम होगी और व्यवस्था अधिक टिकाऊ बनेगी.
परियोजना को मंजूरी
नगर निगम आयुक्त प्रदीप दहिया ने बताया कि वार्ड- 17 के इन पांच गांवों के लिए स्वीकृत परियोजना से जलापूर्ति व्यवस्था आधुनिक, मजबूत और अधिक विश्वसनीय बनेगी. उन्होंने कहा कि कैनाल आधारित जलापूर्ति शुरू होने के बाद लोगों को बेहतर गुणवत्ता का पेयजल मिलेगा और भूजल पर निर्भरता भी कम होगी.