सोनीपत | राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से सटे सोनीपत जिले में मानवता को शर्मशार करने वाला मामला सामने आया है. यहां दिल्ली- चंडीगढ़ हाइवे पर दो अलग- अलग जगहों पर हादसे का शिकार हुए व्यक्तियों की लाश पड़ी रही लेकिन यहां से गुजरने वाले किसी वाहन चालक ने इतनी दया नहीं दिखाई कि कही पुलिस या अस्पताल में फोन कर डेड बॉडी को सड़क से हटवा दिया जाएं. जिंदगी की भागदौड़ में इंसान इतना बेरहम हो गया है कि रातभर शवों के ऊपर से वाहन गुजरते रहे और शवों के अंग और मांस के लौथड़े सड़क पर 50 मीटर दूर तक फैल गए थे.
हाइवे पर डेड बॉडी पड़े होने की सूचना पुलिस को मिली तो उन्हें भी खुरपों से खुरच-खुरचकर शवों के हिस्सों को इकट्ठा करना पड़ा. शवों के इतने टुकड़े हो चुके थे कि उनकी पहचान कर पाना बिल्कुल असंभव हो गया हैं और न ही पोस्टमार्टम करना. ऐसे में पुलिस ने पहचान के लिए उनके DNA सुरक्षित करवाएं है.
घटना नंबर 1
रसोई गांव निवासी मनजीत सिंह ने कुंडली थाना पुलिस को बताया कि वह TDI सिक्योरिटी में अधिकारी हैं और 3 दिसंबर को नाईट ड्यूटी के दौरान उन्हें TDI मॉल के सामने एक शव पड़ा दिखाई दिया जिसके ऊपर से वाहन गुजर रहे थे. वाहनों के गुजरने से शव का सिर और चेहरा बुरी तरह से कुचला जा चुका था. सड़क पर दूर- दूर तक अंग और मांस के टुकड़े बिखरे पड़े हुए थे.
घटना नंबर 2
वहीं, ककरोई निवासी रवि कुमार ने कुंडली थाना पुलिस को बताया कि वह रात नौ बजे के आसपास किसी काम से दिल्ली के लिए जा रहा था और जैसे ही वह नाथुपुर फ्लाईओवर के पास पहुंचा तो उसने देखा कि किसी वाहन की टक्कर लगने से एक व्यक्ति का शव सड़क पर पड़ा हुआ है और तेज रफ्तार वाहन उसके ऊपर से गुजर रहे हैं. इससे शव का चेहरा और सिर चपटा होकर सड़क पर दूर तक फैल गया था. शव का मांस और अंगों के टुकड़े करीब 50 मीटर तक फैले हुए थे.
