हरियाणा के छात्रों की 9वीं से अनिवार्य होगी करियर काउंसलिंग, 11वीं 12वीं के छात्र पढ़ेंगे डिजिटल साक्षरता

अंबाला | शुक्रवार को हरियाणा के अंबाला जिले के तेपला गांव में स्थित नंद लाल गीता विद्या मंदिर स्कूल में विवेकानंद भवन के ग्राउंड फ्लोर ब्लॉक के उद्घाटन अवसर पर पहुंचे मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने विद्यार्थियों के हित में महत्वपूर्ण कदम उठाने की घोषणा की. उन्होंने स्कूल के लिए 31 लाख रुपए की वित्तीय संस्था सहायता देने की घोषणा की. उन्होंने कहा कि अब उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के पाठ्यक्रम में कोडिंग, डाटा एनालिसिस और डिजिटल सुरक्षा सहित डिजिटल साक्षरता सब्जेक्ट्स को भी शामिल किया जाएगा.

SCHOOL STUDENT

सभी स्कूलों में उम्मीद काउंसलिंग सेवाएं भी शुरू की जाएगी, जिसके तहत 9वीं से आगे के सभी विद्यार्थी करियर काउंसलिंग की मदद ले पाएंगे.

छात्रों को मिलेंगे हर साल 3000 रूपए

सरकार का लक्ष्य सरकारी स्कूलों में शिक्षक छात्र अनुपात 1:30 बनाए रखने का है. विद्यार्थियों की आर्थिक सहायता मुहैया करवाने के लिए सरकार राष्ट्रीय साधन- सह- योग्यता छात्रवृत्ति योजना (Haryana NMMSS) के तहत हर पात्र छात्र को ₹3,000 सालाना की अतिरिक्त छात्रवृत्ति प्रदान करेगी. मुख्यमंत्री ने कहा कि स्कूल के विद्यार्थियों को न केवल एकेडमी ज्ञान मिले, बल्कि नैतिक शिक्षा और मूल्य भी मिल पाए, इन सभी का प्रावधान नई शिक्षा नीति में सुनिश्चित किया गया है.

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हरियाणा है NSQF को लागू करने वाला पहला राज्य

NEP के तहत, राज्य में ऐसे शैक्षणिक संस्थान स्थापित किया जा रहे हैं, जो किंडरगार्टन से लेकर स्नातकोत्तर स्तर तक निरंतर सीखने के अवसर प्रदान करेंगे. सरकार द्वारा राज्य भर में 1420 मॉडल संस्कृति विद्यालय स्थापित किए गए हैं, जो न केवल एकेडमिक उत्कृष्ट पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं, बल्कि प्राचीन मूल्य और सांस्कृतिक परंपराओं में निहित शिक्षा भी दे रहे हैं. उन्होंने दावा किया कि हरियाणा सरकार NSQF को लागू करने वाला पहला राज्य है.

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Nisha Tanwar
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