भिवानी | हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड (HBSE) की तरफ से हाल ही में हरियाणा शिक्षक पात्रता परीक्षा (HTET) के लिए आवेदन मांगे गए थे. हरियाणा अध्यापक पात्रता परीक्षा में परीक्षार्थियों से लगभग 72 लाख रुपये की अतिरिक्त वसूली का मामला देखने को मिला है. हरियाणा में शिक्षक बनने के लिए उम्मीदवारों को यह परीक्षा पास करनी होती है.
करीबन 2 लाख अभ्यर्थियों ने किया अप्लाई
अगर अतिरिक्त वसूली के मामले की बात करें तो हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की तरफ से कराई गई ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया के दौरान बैंक ने हर अभ्यर्थी से 36 रुपये जीएसटी के नाम पर वसूले हैं. इस बार करीबन दो लाख अभ्यर्थियों ने एचटेट के लिए अप्लाई किया है. HTET परीक्षा 17 और 18 जनवरी को होनी प्रस्तावित है. बोर्ड अधिकारियों का कहना है कि यह राशि बैंक ने वसूली है जबकि आवेदन प्रक्रिया बोर्ड की तरफ से हुई थी. इससे पहले आयोजित किसी भी एचटेट परीक्षा में जीएसटी वसूली देखने को नहीं मिली थी.
सभी श्रेणियों के अभ्यर्थियों से लिए 36 रुपये अतिरिक्त
बोर्ड की वेबसाइट पर एप्लीकेशन फीस का क्लियर शेड्यूल पहले ही जारी किया गया था जिसमें जीएसटी के बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई थी. इसके बावजूद सभी श्रेणियों के अभ्यर्थियों से 36 रुपये अतिरिक्त लिए गए हैं. जब यह मामला बोर्ड अध्यक्ष के संज्ञान में आया तो उन्होंने इसे गलत बताते हुए हरियाणा सरकार को लेटर भेजा है. अधिकारियों का कहना है कि परीक्षार्थियों से जीएसटी नहीं ली जानी चाहिए थी और उन्हें इससे छूट रहनी थी.
हरियाणा सरकार को भेजा पत्र
ऐसे में एचटेट देने से पहले ही परीक्षार्थियों की जेब पर दबाव पड़ रहा है. हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. पवन शर्मा का कहना है कि एचटेट के अभ्यर्थियों से ऑनलाइन आवेदन के दौरान बैंक ने 36 रुपये जीएसटी के लिए हैं जबकि यह नहीं लिए जाने चाहिए थे. अभ्यर्थियों को इससे छूट मिलनी चाहिए थी. इस बारे में आपत्ति दर्ज की गई व हरियाणा सरकार को लेटर भेज दिया गया है.
