चंडीगढ़ | हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी की अध्यक्षता में आज कैबिनेट मीटिंग बुलाई गई थी जिसमें 27 एजेंडे रखे गए थे, जिनपर चर्चा के बाद कई अहम् मुद्दों पर कैबिनेट की मुहर लगी है. बैठक के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि युवाओं और स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के हित में इस बैठक में बड़े फैसले लिए गए हैं.

NCR के जिलों में चलेंगे इलेक्ट्रिक वाहन
1 जनवरी 2026 से हरियाणा के NCR में शामिल जिलों गुरुग्राम, फरीदाबाद, सोनीपत आदि में ऐप्लिकेशन आधारित टैक्सी और डिलिवरी कंपनियां Uber- Ola, Flipkart, Amazon, Blinkit आदि को केवल CNG, इलेक्ट्रिक या अन्य स्वच्छ ईंधन वाले वाहनों का इस्तेमाल करना होगा. हर वाहन में पैनिक बटन, जीपीएस, फर्स्ट ड बॉक्स और फायर एक्सटिंग्विशर जरूरी होगा. यात्रियों और ड्राइवरों के लिए बीमा अनिवार्य होगा. 24×7 कॉल सेंटर और शिकायत निवारण व्यवस्था बनानी होगी.
BC- A- BC- B के सर्टिफिकेट होंगे मान्य
मुख्यमंत्री ने बताया कि साल 2024- 25 में 23 जुलाई 2024 से पहले जारी किए गए BC- A और BC- B नॉन- क्रीमी लेयर प्रमाणपत्र पूरी तरह मान्य होंगे. इसी को देखते हुए कैबिनेट मीटिंग में फैसला लिया गया है कि 17 नवंबर 2021 की अधिसूचना के तहत साल 2024- 25 में जारी किए गए BC- A और BC- B नॉन-क्रीमी लेयर प्रमाणपत्र वैध माने जाएंगे.
अवैध औद्योगिक इकाइयों को राहत
CM ने बताया कि बिना अनुमति संचालित हो रही अवैध औद्योगिक इकाइयों को नियमित करने की नीति में संशोधन किया गया है. नए संशोधन के तहत 10 एकड़ क्षेत्र और कम से कम 50 इकाइयों वाले क्लस्टर इस योजना के पात्र होंगे. ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से आवेदन किया जा सकेगा. इस फैसले से हजारों उद्योगों को कानूनी मान्यता मिल पाएगी. उन्हें बिजली- पानी, सड़क, सीवरेज जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी. इससे रोजगार और निवेश को बढ़ावा मिलेगा.
आत्मनिर्भर बनेगी महिलाएं
उन्होंने बताया कि स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं (SHGs) को 500 वर्ग गज तक पंचायत भूमि पट्टे पर दी जाएगी. शुरुआती पट्टा 5 साल का होगा, बाद में 3 साल तक बढ़ाया जा सकेगा. इससे ग्रामीण महिलाओं को रोजगार मिलेगा और साथ ही डेयरी व्यवसाय को बढ़ावा मिलेगा. इससे महिलाएं आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनेगी और उन्हें छोटी- मोटी जरूरतों के लिए किसी के आगे हाथ फैलाना नहीं पड़ेगा.
सरकारी कर्मचारियों के लिए जरूरी खबर
सीएम ने बताया कि जिन कर्मचारियों ने UPS का चुनाव किया था, वे एक बार फिर NPS में वापस जा सकेंगे. यह ऑप्शन केवल एक बार मिलेगा. रिटायरमेंट से 1 साल पहले तक ही इसका उपयोग किया जा सकेगा. इससे पेंशन संबंधी असमंजस कम होगा. इसके अलावा नगर निगम क्षेत्रों में औद्योगिक प्लाटों के सब- डिवीजन को मंजूरी प्रदान करने का फैसला कैबिनेट मीटिंग में लिया गया है. वहीं, HPSC में सुपरिटेंडेंट के 2 और अकाउंट ऑफिसर का 1 नया पद स्वीकृत किया गया है. उच्चतर शिक्षा विभाग में नए नियमों पर कैबिनेट मीटिंग में मुहर लगाई गई है.