भिवानी | हरियाणा में विद्यार्थियों के लिए जरूरी खबर सामने आई है. हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड (HBSE) ने कक्षा 9वीं और 10वीं के विद्यार्थियों के लिए पासिंग नियमों में महत्वपूर्ण बदलाव करते हुए नई शिक्षा नीति के अनुरूप त्रिभाषा फॉर्मूला लागू कर दिया है. इस निर्णय से प्रदेश के स्कूलों में पढ़ाई का स्वरूप बदलने जा रहा है.
विद्यार्थियों को पढ़ने होंगे 7 विषय
नए नियमों के तहत, अब विद्यार्थियों को कुल 7 विषय पढ़ने होंगे. इसमें हिंदी, अंग्रेजी, गणित, विज्ञान और सामाजिक विज्ञान अनिवार्य होंगे जबकि 1 अतिरिक्त भाषा का चयन करना होगा. इस प्रकार छात्रों को 3 भाषाएं पढ़ना अनिवार्य हो गया है.
बोर्ड ने परिणाम प्रणाली में भी बदलाव किया है. अब विद्यार्थियों का रिजल्ट ‘बेस्ट सिक्स’ के आधार पर तैयार किया जाएगा यानि 7 विषयों में से 6 विषयों के सर्वोत्तम अंक ही अंतिम परिणाम में जोड़े जाएंगे. इससे छात्रों पर अतिरिक्त विषय का दबाव कम होगा और वे बेहतर प्रदर्शन कर सकेंगे.
भाषा की समझ होगी विकसित
शिक्षा विभाग का मानना है कि त्रिभाषा फॉर्मूला लागू करने से विद्यार्थियों की भाषाई समझ विकसित होगी और वे विभिन्न भाषाओं का ज्ञान प्राप्त कर सकेंगे. यह कदम राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के उद्देश्यों को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है.
नई व्यवस्था प्रणाली अगामी शैक्षणिक सत्र से प्रभावी होगी और सभी सरकारी व निजी स्कूलों में लागू की जाएगी. शिक्षा विभाग का मानना है कि इससे छात्रों की बौद्धिक क्षमता और विषयों की पकड़ मजबूत होगी. हरियाणा बोर्ड का यह फैसला शिक्षा प्रणाली को अधिक लचीला और आसान बनाएगा.
