हिसार | हरियाणा के हिसार जिले से वाहन चालकों के लिए एक अच्छी खबर है. महाराजा अग्रसेन एयरपोर्ट के विस्तार के चलते बंद हुआ हिसार- चंडीगढ़ हाइवे (NH- 52) की वजह से परेशानी झेल रहे लोगों के लिए राहत आई है. बता दें कि हिसार- दिल्ली हाइवे (NH- 9) से NH- 52 को जोड़ने वाले फोरलेन बाईपास के निर्माण में अड़चन बनी जमीन को अब सरकार हरियाणा प्रोजेक्ट लैंड कंसोलिडेशन एक्ट के तहत अधिग्रिहित करेगी.

बीएंडआर विभाग ने इसके लिए जिला प्रशासन और एसडीएम को पत्र लिखा है. इस फोरलेन सड़क के निर्माण से 15 किलोमीटर का सफर घटकर आधा रह जाएगा और वाहन चालकों के सफर में आधे घंटे तक बचत आएगी.
70% जमीन हो चुकी एक्वायर
इस प्रोजेक्ट के लिए करीब 110 एकड़ जमीन की जरूरत है. विभाग करीब 80 एकड़ जमीन पहले ही ले चुका है और किसानों को मुआवजा भी दिया जा चुका है. बीच में पैचवर्क की तरह फंसी 30.6 एकड़ जमीन के कारण काम रुका था. प्रशासन यह जांच रहा है कि पिछले सालों में इन जमीनों के मालिकाना हक (रजिस्ट्री) तो नहीं बदले ताकि अधिग्रहण की प्रक्रिया को जल्द पूरा किया जा सकें.
इस कानून से हटेगी अड़चन
इस प्रोजेक्ट में हरियाणा परियोजना भूमि समेकन अधिनियम 2017 (संशोधित 2020) का इस्तेमाल होगा. इसमें नियम है कि अगर किसी प्रोजेक्ट के लिए सरकार के पास 70% जमीन का मालिकाना हक आ चुका है तो वह शेष 30% निजी भूमि को जनहित में एक्वायर कर सकती है. इसका फायदा होगा कि अब कुछ किसानों के इंकार करने से पूरा प्रोजेक्ट नहीं रुकेगा.
ट्रैफिक जाम से मिलेगा छुटकारा
दिल्ली रोड से चंडीगढ़ रोड जाने लिए वाहन चालकों को करीब 15 किलोमीटर की अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती है. नया रोड बनने से यह दूरी घटकर आधी रह जाएगी. एयरपोर्ट की दीवार के साथ वाले वैकल्पिक रास्ते से ग्रामीण संतुष्ट नहीं हैं. ऐसे मिर्जापुर से तलवंडी तक फोरलेन बनने से दर्जनों गांवों को सीधा लाभ होगा. शहर के भीतर बरवाला चुंगी और दिल्ली रोड पर ट्रैफिक का दबाव कम करने में मदद मिलेगी.