हिसार । शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों में छात्रों की पढ़ाई तो शुरू करवा दीं लेकिन अब विभाग के सामने एक समस्या आन खड़ी हो गई है. दरअसल शिक्षा विभाग की ओर से बच्चों की हाजिरी लगाने के लिए जो अवसर ऐप थी वो तकनीक प्राब्लम की वजह से क्रैश हो गई है. ऐप बंद होने की शिक़ायत को लेकर स्कूलों ने शिक्षा विभाग को सूचित किया. अब शिक्षा विभाग ने सभी जिला अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जब तक अवसर ऐप सुचारू रूप से काम नहीं करने लग जाती तब तक विधार्थियों की हाजिरी गूगल फॉर्म के माध्यम से भेजी जाए. इसके लिए शिक्षा विभाग की ओर से गूगल फॉर्म का लिंक जारी किया गया है.
कोरोना संक्रमण केसों में लगातार गिरावट के बाद शिक्षा विभाग ने स्कूल खोलने का निर्णय लिया था. पहले चरण में नौवीं से बारहवीं कक्षा तक व दूसरे चरण में छठी से आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों को स्कूल बुलाया गया है. हालांकि अभी भी बड़ी तादाद में विधार्थी घर बैठे ऑनलाइन ही पढ़ रहे हैं तो इसको देखते हुए विभाग ने विधार्थियों की हाजिरी अवसर ऐप से ही लगाने का फैसला किया था. लेकिन पिछले कुछ दिनों से अवसर ऐप में तकनीकी समस्या आने पर ऐप क्रैश होकर बंद हो गई है. जिसकी शिकायत विभागीय अधिकारियों के पास भेजी गई.
विभाग ने की वैकल्पिक व्यवस्था
अवसर ऐप के क्रैश होने पर शिक्षा विभाग ने वैकल्पिक व्यवस्था करते हुए निर्देश दिए कि गूगल फॉर्म में हाजिरी लगाई जाएं. सभी जिला शिक्षा अधिकारियों ने इस दिशा में संबंधित खंड शिक्षा अधिकारियों तथा स्कूल प्राचार्या को पत्र भेजकर निर्देश दिए हैं. जारी आदेशों में कहां गया है कि अवसर ऐप में तकनीकी समस्या के चलते छात्रों की हाजिरी सुनिश्चित नहीं हो पा रही है इसलिए अब 5 अगस्त से छठी से बारहवीं कक्षा तक के बच्चों की हाजिरी गूगल फॉर्म के माध्यम से सुनिश्चित की जाए.
समस्या आने पर व्यवस्था में हुआ बदलाव: डीइओ
हिसार के जिला शिक्षा अधिकारी कुलदीप सिहाग ने बताया कि तकनीकी समस्या के चलते अवसर ऐप क्रैश हो गई है,जिस की वजह से विधार्थियों की हाजिरी नहीं लग रही थी. लेकिन अब विभाग की ओर से निर्देश दिए गए हैं कि गूगल फॉर्म से विधार्थियों की हाजिरी लगाई जाएं.
