रेवाड़ी | हरियाणा के रेवाड़ी जिले में खराब संपर्क मार्गों की मरम्मत को लेकर लोक निर्माण विभाग (PWD) ने बड़ा कदम उठाया है. बता दें कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के तहत रेवाड़ी, कोसली और बावल विधानसभा क्षेत्रों में जर्जर सड़कों की मरम्मत पर लगभग 3 करोड़ रूपए खर्च किए जाएंगे. इसके लिए विभाग ने विभिन्न श्रेणियों में टेंडर जारी कर दिए गए है.

इन सड़कों का होगा उद्धार
PWD के अनुसार जिन संपर्क मार्गों की हालात सबसे ज्यादा खराब है, उन्हें प्राथमिकता दी गई है. रेवाड़ी विधानसभा क्षेत्र में G-1 श्रेणी के अंतर्गत चिल्लड़, हंसाका, बरियावास, मंडिया कलां और चंदावां समेत कई गांवों को जोड़ने वाली सड़कों की मरम्मत की जाएगी. इस कार्य पर लगभग 15 लाख रुपए खर्च होंगे और सड़क की सतह सुधारने, गढ्ढे भरने और जल निकासी व्यवस्था को दुरस्त करने का काम किया जाएगा.
इसी तरह बावल विधानसभा क्षेत्र में नैचाना, कालड़ावास, रूढ़ बिशनपुर और चिरहारा सहित कई गांवों की संपर्क सड़कों की मरम्मत के लिए करीब 15 लाख रुपए का बजट तय किया है. ग्रामीणों को उम्मीद है कि लंबे समय से टूटी पड़ी सड़कों से जल्द राहत मिलेगी.
कोसली विधानसभा क्षेत्र में भी अलग -अलग श्रेणियों के तहत टेंडर जारी किए गए है. यहां लोहाना, गोठड़ा टप्पा, डहीना, करौली और पुरखोत्तमपुर समेत कई गांवों की सड़कों की मरम्मत की जाएगी. इस कार्य पर लगभग 13 लाख रुपए खर्च होंगे. वही जो G-3 श्रेणी के तहत भी अलग टेंडर जारी किया गया है, जिसमें लगभग 11 लाख रूपए खर्च किए जाएंगे.
इसके अलावा रेवाड़ी जिले में कुछ बड़े सड़क निर्माण और मरम्मत कार्य भी प्रस्तावित है. बांगड़वा से जाडरा तक लिंक रोड निर्माण पर लगभग 78 लाख रूपए खर्च किए जाएंगे. वहीं चौकी नंबर -2 से ITI बेरली कलां तक सड़क मरम्मत पर लगभग 65 लाख रूपए और लिसान से गोठड़ा टप्पा डहीना मार्ग पर लगभग 65 लाख रूपए खर्च किए जाएंगे.
लंबे समय जलभराव की परेशानी
PWD अधिकारियों का कहना है कि बारिश के मौसम में इन संपर्क मार्गों पर जलभराव और बड़े गढ्ढों के कारण दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है. ऐसे में समय रहते मरम्मत कार्य पूरा होने से ग्रामीण क्षेत्रों में यातायात बेहतर होगा और किसानों, विद्यार्थियों तथा दैनिक यात्रियों को काफी सुविधा मिलेगी. विभाग के एक्सईएन सत्येंद्र ने बताया कि हर वर्ष खराब सड़कों का सर्वे कर प्राथमिकता के आधार पर मरम्मत कार्य कराया जाता है.