भिवानी | हरियाणा की युवा पीढ़ी अपनी मेहनत की बदौलत खेल मैदान ही नहीं बल्कि शिक्षा के क्षेत्र में भी विशेष प्रदर्शन करते हुए नई पहचान बना रही है. इसी कड़ी में खेल नगरी के नाम से मशहूर भिवानी की एक बेटी ने शिक्षा के क्षेत्र में परचम लहराते हुए जिला व प्रदेश का नाम देशभर में रोशन किया है. इस बेटी ने अपने पहले ही प्रयास में दिल्ली ज्यूडिशियल सर्विस की परीक्षा पास कर जज की नौकरी हासिल की है.
भिवानी की निहारिका बनी जज
भिवानी शहर के बाबा नगर निवासी निहारिका दीवान ने अपने पहले ही प्रयास में दिल्ली ज्यूडिशियल सर्विस की परीक्षा पास करते हुए जज की नौकरी हासिल की है. बेटी की इस उपलब्धि पर माता- पिता खुशी से फूले नहीं समा रहे हैं. उनके घर बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है.
न्याय की कुर्सी तक पहुंचने का सपना देखने वाली बेटी निहारिका जब अपनी मेहनत और लग्न से जज बनने के बाद पहली बार अपने घर पहुंचीं तो फूल- मालाओं और ढोल- नगाड़ों के साथ उनका जोरदार स्वागत किया गया. इस मौके पर उनके पिता मनोज दीवान ने कहा कि बेटी निहारिका की इस उपलब्धि पर गर्व महसूस हो रहा है. वह पढ़ाई में बचपन से ही होशियार रही है और उन्होंने भी बेटी को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया, जिसके चलते आज निहारिका ने सफलता के नए आयाम स्थापित किए हैं.
अभिभावकों से किया विनम्र निवेदन
निहारिका दीवान ने हांसी गेट स्थित केएम स्कूल से कक्षा 12वीं पास करने के बाद दिल्ली के लेडी श्रीराम कॉलेज से ग्रेजुएशन किया. इसके बाद, उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से लॉ की डिग्री हासिल की. फिर अपने पहले ही प्रयास में दिल्ली ज्यूडिशियल सर्विस की परीक्षा पास कर जज बनने का गौरव हासिल किया.
जज बनकर अपने घर लौटी निहारिका दीवान ने बताया कि उनकी इस सफलता के पीछे माता-पिता और गुरूजनों का बहुत बड़ा योगदान रहा है. जिनके उत्साहवर्धन व विश्वास की बदौलत वे आज इस मुकाम को हासिल कर पाई है. उन्होंने कहा कि वे हमेशा न्याय के मूल्यों को बनाए रखेंगी तथा अपने कर्तव्यों को ईमानदारी से निभाएंगी. उन्होंने सभी अभिभावकों से अपील करते हुए कहा कि बेटियों को अपने सपने पूरा करने के लिए प्रेरित करें ताकि वे अपनी सफलता की उड़ान भर सकें.
