चंडीगढ़ | हरियाणा में किसानों के लिए एक राहत भरी खबर सामने आई है. बता दें कि हाल ही में हुई बारिश और ओलावृष्टि से हिसार, फतेहाबाद और सिरसा जिले सहित कई अन्य जिलों में गेहूं की फसल में नुकसान पहुंचा है. कई गांवों में ओलावृष्टि से गेहूं की फसल पुरी तरह से तबाह हो गई है. ऐसे प्रभावित किसानों को प्रदेश की नायब सैनी सरकार ने बड़ी राहत प्रदान की है. मुख्यमंत्री ने कहा है कि बारिश से खराब फसलों का मुआवजा जल्द किसानों को दिया जाएगा.

ई- क्षतिपूर्ति पोर्टल पर करें आवेदन
हरियाणा के हिसार और फतेहाबाद सहित सिरसा व अन्य कई जिलों में बारिश और ओलावृष्टि ने रबी सीजन की फसलों में भारी नुक़सान पहुंचाने का काम किया है जिसके बाद किसानों ने सरकार और प्रशासन से से मुआवजे की मांग की थी.
इस पर संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री नायब सैनी ने बताया कि सिरसा, हिसार और फतेहाबाद के लिए ई- क्षतिपूर्ति पोर्टल खोल दिया गया है और कुरुक्षेत्र के लिए भी पोर्टल जल्द एक्टिव हो जाएगा. उन्होंने किसानों को भरोसा दिलाया कि नुकसान की भरपाई की जाएगी और नुकसान के हिसाब से किसानों को उचित मुआवजा दिया जाएगा.
विभाग की टीम करेगी सर्वे
जिन किसानों ने फसल बीमा नहीं करवा रखा है, उनको ई- क्षतिपूर्ति पोर्टल पर पंजीकरण के बाद ही मुआवजा मिलेगा. सभी किसान अपने गांव या नजदीकी सीएससी सेंटर पर जाकर पोर्टल पर पंजीकरण करवाए और फसल प्रभावित नुकसान की फोटो सहित अपलोड करवाए. इसके बाद, विभाग की टीम सर्वे करेगी.
सिरसा जिले की बात करें तो यहां तहसील कालांवाली के गांव गदरणा, तारुआना तथा तहसील डबवाली के गांव जोगेवाला, फूल्लो, हेबुआना और तहसील सिरसा के भरोखां और बरूवाली-1 गांव शामिल हैं. इन गांवों के किसान 15 अप्रैल तक अपनी फसलों के नुकसान का विवरण क्षतिपूर्ति पोर्टल पर दर्ज करवा सकते हैं.