करनाल | हरियाणा के करनाल जिले से आमजन के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है. यहां रिंग रोड प्रोजेक्ट के सर्विस लेन हिस्से को लेकर लंबे समय से चला आ रहा किसानों का धरना अब समाप्त हो गया है. इस मामले को सुलझाने के लिए बुधवार यानि कल करनाल शुगर मिल में किसानों और हरियाणा विधानसभा के अध्यक्ष हरविंदर सिंह कल्याण के बीच एक बैठक बुलाई गई थी.

बैठक में बनी सहमति
इस बैठक के दौरान विधानसभा अध्यक्ष हरविंदर सिंह कल्याण ने किसानों को इस मामले में अब तक हुई प्रकिया के बारे में बताया और उन्हें भरोसा दिलाते हुए कहा कि जल्द ही इस मामले को सुलझा लिया जाएगा और किसानों की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए करनाल रिंग रोड के साथ एक सर्विस लेन का निर्माण किया जाएगा.
उन्होंने बताया कि इस प्रोजेक्ट के लिए जल्द ही जमीन अधिग्रहण प्रक्रिया शुरू की जाएगी. कल्याण ने बताया कि अधिकारियों ने इस परियोजना के बारे में किसानों द्वारा समय- समय पर उठाए गए मुद्दों पर ध्यान दिया और उन्हें सुलझाने के लिए लगातार बैठकों का दौर जारी रहा.
सर्विस लेन के लिए अधिग्रहित होगी जमीन
विधानसभा स्पीकर ने बताया कि किसानों की प्रमुख मांग रिंग रोड के साथ सर्विस लेन के निर्माण की थी. नेशनल हाईवे पर मिलने वाली लेन जैसी यह एक ऐसी सुविधा थी जो नेशनल हाईवे प्रोजेक्ट के ओरिजिनल प्रपोजल डिजाइन में शामिल नहीं थी. हमने यह मुद्दा NHAI और केंद्रीय शहरी एवं उर्जा मंत्री मनोहर लाल खट्टर के सामने उठाया था. NHAI ने अब इस प्रोजेक्ट के लिए सड़क के पास और जमीन लेने की मंजूरी प्रदान कर दी है.
इस मंजूरी के बाद, यह मामला हरियाणा सरकार को भेजा जाएगा, क्योंकि इस प्रोजेक्ट के लिए फंडिंग राज्य सरकार देगी. मैंने इस बारे में सीएम नायब सैनी से पहले ही बात कर ली है.
मुश्किलें हुई खड़ी
उन्होंने कहा कि जब भी कोई बड़ा प्रोजेक्ट धरातल पर आता है तो अक्सर ऐसी मुश्किलें खड़ी हो ही जाती हैं, जिनके समाधान में स्वाभाविक रूप से समय लगता है. उन्होंने किसानों से अपना धरना खत्म करने का आग्रह किया है और उनसे भविष्य में सहयोग जारी रखने का आग्रह किया है, क्योंकि विकास की पहल सभी के फायदे के लिए की जाती हैं.
हरविंदर सिंह कल्याण ने कहा कि प्रदेश सरकार के सहयोग से करनाल जिला विकास के पथ पर तेज गति से आगे बढ़ रहा है. क्षेत्र में निरंतर विकास कार्यों को पूरा करने के लिए सभी का सहयोग बहुत जरूरी है. हमें अपने पूरे इलाके की खुशहाली के लिए मिलकर कदम उठाने होंगे तभी हम विकसित भारत के सपने को पूरा करने में अपनी भूमिका अदा कर सकेंगे.