पंचकूला | ट्रेन से हिमाचल प्रदेश की खूबसूरत वादियों में सफर करने के इच्छुक लोगों के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है. हालांकि, इस नई ट्रेन के लिए यात्रियों को अभी थोड़ा इंतजार करना होगा. हाल ही में रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक वीडियो अपलोड किया था, जिसमें नई ट्रेन के दौड़ने और अंदर की खूबियां दर्शाई गई है.
इस ट्रेन के कोच का निर्माण करने वाली कपूरथला कोच फैक्ट्री के महाप्रबंधक ने शनिवार को धर्मपुर से कालका स्टेशन तक यात्रा कर डिब्बों का निरीक्षण किया है, जबकि पिछले दिनों चीफ कमिश्नर रेलवे सेफ्टी (CCRS) जनकराज ने इन कोच का निरीक्षण कर कुछ खामियां दूर करने के आदेश दिए थे. सोशल मीडिया पर रेलमंत्री द्वारा जानकारी साझा किए जाने के बाद इन खामियों को दूर कर जल्द ही जनता को इस ट्रेन की सौगात दी जाएगी.
आधुनिक सुविधाओं से लैस
कालका- शिमला हैरिटेज रेल सेक्शन पर चलने वाली यह CCTV कैमरों से लैस देश में नैरोगेज पर चलने वाली पहली ट्रेन होगी. गार्ड के कोच में सीसीटीवी कैमरों की स्क्रीन होगी. यह सीसीटीवी 360 डिग्री होंगे. इंजन की एयर ब्रेक, सीट को आरामदायक, मोबाइल चार्जिंग साकेट जैसी सुविधाएं मिलेंगी. इन कोच में 12 सीटों वाली चार एग्जीक्यूटिव क्लास चेयर, 24 सीटों वाली आठ एसी चेयरकार, 30 सीटों वाली 13 नान एसी चेयरकार और 5 पावर/ सामान गार्ड कोच शामिल होंगे. 6 डिब्बों वाले इन रैक को पुराना इंजन ही खींचेगा.
New train for Kalkaji Shimla
Ready for giving a new experience in the scenic Himachal. pic.twitter.com/1nC1oNVH39
— Ashwini Vaishnaw (@AshwiniVaishnaw) January 12, 2025
सीसीटीवी कैमरे, फायर अलार्म सिस्टम, एंटी अल्ट्रा वायलेट कोटेड विंडो ग्लास, पावर विंडो, हीटिंग कूलिंग एसी पैकेज, लीनियर पंखें और लीनियर एलईडी लाइट जैसी सुविधाओं से लैस इस ट्रेन में यात्रियों की सुविधा के लिए और भी कई इंतजाम किए गए हैं.
समय की होगी बचत
इस ट्रेन के संचालित होने से कालका से शिमला का सफर कम समय में तय हो सकेगा. यात्री कालका से प्रकृति के मनोरम दृश्यों को निहारते हुए शिमला पहुंचेंगे. इससे जहां पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा तो वही साथ ही सफर के दौरान यात्री प्राकृतिक सौंदर्य का लुत्फ उठा सकेंगे. इन कोच में पैनोरमिक खिड़कियों वाले विस्टाडोम कोच 25 किलोमीटर (किमी) प्रतिघंटा की रफ्तार से सफर करेंगे. इस सेक्शन में 919 घुमाव हैं, जिसमें सबसे तीखे मोड़ पर ट्रेन 48 डिग्री पर घूमती है. फिलहाल, 30 आधुनिक नैरोगेज डिब्बे तैयार किए जा रहे हैं.
