रेवाड़ी | हरियाणा की साईबर सिटी गुरुग्राम से रेवाड़ी का सफर आसान होने जा रहा है. लोगों को नए साल यानि जनवरी 2025 तक गुरुग्राम- पटौदी- रेवाड़ी हाईवे (Gurugram- Patudi- Rewari) की सौगात मिलने वाली है. नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने बताया कि वजीरपुर से रेवाड़ी खंड को दिसंबर तक शुरू करने की योजना है. हालांकि, इसमें भी देरी संभव है.
900 करोड़ रूपए आई लागत
NHAI के एक अधिकारी ने बताया कि द्वारका एक्सप्रेसवे से वजीरपुर तक का हिस्सा मार्च, 2025 तक खोलने की तैयारी है. उन्होंने बताया कि 900 करोड़ रूपए की लागत से तैयार हो रहें 46 किलोमीटर लंबे गुरुग्राम- पटौदी- रेवाड़ी हाईवे का लगभग 85% काम पूरा हो चुका है.
एनएचएआई के परियोजना निदेशक योगेश तिलक ने बताया कि हाईवे का निर्माण दो सेक्शन में हो रहा है. वजीरपुर से रेवाड़ी सेक्शन को दिसंबर तक खोला जाना है, जबकि गुरुग्राम से वजीराबाद का सेक्शन मार्च, 2025 तक पूरा करने का लक्ष्य है. उन्होंने कहा कि अब पूरा हाईवे अगले साल तक शुरू होने की उम्मीद है. हाइवे पर बीच में कई जगहों पर अंडरपास और संपर्क मार्ग से जोड़ा जाना है.
अब आसान होगा सफर
अभी दिल्ली से रेवाड़ी और नारनौल जाने के लिए NH- 48 से होकर गुजरना पड़ता है. ऐसे में हाईवे के निर्माण से नारनौल, रेवाड़ी और कोटपूतली (राजस्थान) जाने वाले वाहन चालक द्वारका एक्सप्रेसवे या हीरो हाेंडा चौक से इस हाईवे का प्रयोग कर सकेंगे. इससे NH- 48 पर ट्रैफिक दबाव कम करने में मदद मिलेगी.
द्वारका एक्सप्रेसवे से होगी सीधी कनेक्टिविटी
NHAI की ओर से द्वारका एक्सप्रेसवे को गुरुग्राम- पटौदी- रेवाड़ी हाइवे से जोड़ने के लिए 180 मीटर लंबा एलिवेटेड रोड का निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है. इसके बनने से दिल्ली की ओर से द्वारका एक्सप्रेसवे से आने वाले वाहन चालक सीधे एलिवेटेड रोड से रेवाड़ी हाईवे पर पहुंच जाएंगे.
रेवाड़ी से आने वाले वाहन चालक सर्विस रोड से द्वारका एक्सप्रेसवे पर जा सकेंगे. एनएचएआई का कहना है कि गुरुग्राम- पटौदी- रेवाड़ी हाइवे निर्माण से मानेसर, बिलासपुर और धारूहेड़ा जैसे इंडस्ट्रियल एरिया की ओर जाने वाले वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग उपलब्ध होगा.
