रेवाड़ी | दक्षिण हरियाणा के लोगों के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है. यहां रेवाड़ी जिले (Rewari District) के गांव खरखड़ा में 4 एकड़ भूमि पर हर्बल पार्क विकसित किया जाएगा. इस पार्क के माध्यम से यहां आने वाले पर्यटक जड़ी- बूटियों के अलावा वैदिक उपचार से जुड़ी जानकारियां हासिल कर सकेंगे. इसके अलावा, किसानों को भी इससे बड़े स्तर पर फायदा पहुंचेगा.
किसानों को मिलेगा फायदा
रेवाड़ी जिले के गांव खरखड़ा में हर्बल पार्क विकसित करने को लेकर आयुष विभाग के महानिदेशक संजीव वर्मा ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अधिकारियों से विस्तृत चर्चा की. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जल्द- से- जल्द हर्बल पार्क की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) तैयार कर उन्हें सौंपी जाए.
महानिदेशक संजीव वर्मा ने कहा कि हर्बल पार्क बनने से किसानों को वितरण के लिए गुणवत्ता वाले बीज और पौधे तैयार करने में मदद मिलेगी. किसान परम्परागत खेती का मोह त्याग कर औषधीय पौधों की खेती की ओर रूख कर सकेंगे, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत करने में मदद मिलेगी.
200 से ज्यादा जड़ी- बूटियों के पौधे
हर्बल पार्क में पत्थरचट्टा, एलोवेरा, नागफनी, बेलपत्र, नीम, अश्वगंधा, करकरा, फनी सहित करीब 200 से अधिक जड़ी- बूटियां लगाई जाएंगी. यहां शिकाकाई, अश्वगंधा, तुलसी, मरवा, छुईमुई, शतावरी, बेहडा, तेजपत्ता, पिलखन, ग्वार पाठा, सर्पगंधा, पुत्रन जीवा, रुद्राक्ष, काला बांसा, गोंद कतीरा, सफेद चंदन, हार श्रृंगार, बड़ी इलायची, सदाबहार समेत सैकड़ों दुर्लभ जड़ी- बूटियां भी पैदा की जाएगी.
