नई दिल्ली, DTC | राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में इंटर- स्टेट बस नेटवर्क को नया रूप देने की तैयारी में है. लगभग 14 साल दिल्ली ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (DTC) फिर लंबी दूरी के रूटों पर बसों के संचालन की योजना बना रहे हैं. वहीं, जिन ई- बसों के बलबूते पर इंटरस्टेट कनेक्टिविटी बढ़ाने का दावा किया गया था, वही अब चुनौती है.
डीजल बसें होगी संचालित
दिल्ली सरकार के एक अधिकारी ने बताया कि लंबी दूरी पर चार्जिंग ढांचे की कमी के कारण ई- बसों को लंबे रूटों पर संचालित करने में परेशानी आ रही है. इसकी जगह सरकार अब BS-6 मॉडल डीजल बसों को वेट- लीज मॉडल पर लेने की तैयारी में है. यानि इन बसों के संचालन का जिम्मा निजी ऑपरेटर संभालेंगे.
DTC ने दिल्ली- बागपत (बड़ौत) और दिल्ली- सोनीपत रूट पर इलेक्ट्रिक बसों के संचालन को हरी झंडी दिखा दी है और अगले महीने दिल्ली- धारूहेड़ा रूट पर इलेक्ट्रिक बसें संचालित होगी. उन्होंने बताया कि जम्मू, चंडीगढ़, पानीपत, अमृतसर, हरिद्वार, ऋषिकेश और अयोध्या रूट पर अब इलेक्ट्रिक बसों की जगह BS-6 बसों को चलाया जाएगा.
निजी ऑपरेटर होगा नियुक्त
डीटीसी अधिकारी ने बताया कि लंबी दूरी वाले रूटों पर डीजल बसें संचालित करने के लिए एक कंसेशनायर (निजी ऑपरेटर) की नियुक्ति की जाएगी, जो बसें उपलब्ध करायेगा और संचालन की जिम्मेदारी भी उसकी होगी. बस का किराया डीटीसी तय करेगा. उन्होंने बताया कि इससे बस सेवा को जल्द शुरू करने में मदद मिलेगी. यात्रियों को मौजूदा निजी बसों से सस्ते सफर का आनंद मिलेगा.
