भिवानी | हरियाणा की युवा पीढ़ी अपनी मेहनत और सच्ची लगन की बदौलत सफलता के नए आयाम स्थापित कर रही है. ऐसा ही एक उदाहरण भिवानी जिले के गांव अजीतपुर निवासी नवीन कुमार ने पेश किया है, जो इंडियन आर्मी में लेफ्टिनेंट बने हैं. नवीन कुमार इस उपलब्धि को हासिल करने वाले गांव के पहले शख्स बने हैं. इतना ही नहीं, नवीन कुमार अपने परिवार की तीसरी पीढ़ी के युवा है, जो इंडियन आर्मी में भर्ती हुए हैं.
ग्रामीणों ने किया स्वागत
इंडियन आर्मी में लेफ्टिनेंट बनकर गांव पहुंचे नवीन कुमार का ग्रामीणों ने जोरदार स्वागत किया. इस दौरान लोगों ने उन्हें खुली जीप में बैठाकर फूल- मालाएं पहनाई और डीजे पर नाचते हुए इस खुशी को सेलिब्रेट किया. गांव के लोग नवीन की उपलब्धि और देश सेवा के प्रति उनके परिवार के जज्बे से गदगद नजर आए. ग्रामीणों ने कहा कि नवीन कुमार अपनी इस उपलब्धि से अन्य युवाओं के लिए प्रेरणा स्रोत बन गए हैं.
हिमाचल प्रदेश से की शिक्षा ग्रहण
भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट बने नवीन कुमार ने अपनी स्कूली शिक्षा राष्ट्रीय सैन्य स्कूल, शिमला (हिमाचल प्रदेश) से पूरी की. इसके बाद, NIT हमीरपुर (हिमाचल प्रदेश) से बीटेक में स्नातक किया. नवीन ने IMA देहरादून से डेढ़ साल तक प्रशिक्षण लिया और फिर उन्हें 37 कूर्ग रेजिमेंट में लेफ्टिनेंट के पद पर नियुक्ति मिली, जो भारतीय सेना की सबसे पुरानी और बेहतरीन रेजिमेंटों में से एक है.
बेटे की उपलब्धि से परिवार में छाई खुशी
बेटे की उपलब्धि से गदगद दिखाई दे रहे पिता सतीश कुमार ने बताया कि नवीन का भारतीय सेना में भर्ती होने का बचपन से ही सपना था और अपने इस सपने को साकार करने के लिए उसने दिन- रात कड़ी मेहनत की है. आज उसकी मेहनत का परिणाम सबके सामने है. बेटे ने अपनी इस उपलब्धि से परिवार का गौरव बढ़ाया है. हमें अपने बेटे पर गर्व महसूस हो रहा है.
नवीन कुमार ने बताया कि उन्हें भारतीय सेना में भर्ती होने की प्रेरणा अपने दादा से मिली. उनके बाद जब वे अपने पिता को भारतीय सेना की वर्दी में देखते थे, तो उनके मन में भी ये बात रहती थी कि वे भी एक दिन भारतीय सेना में भर्ती होकर अपने परिवार की परंपरा को आगे बढ़ाएंगे. इसके लिए उन्होंने निरंतर मेहनत की. उनकी इस सफलता में परिजनों का भरपूर सहयोग रहा है.
