नई दिल्ली | डिजिटाइजेशन को मजबूत बनाने की दिशा में राजधानी दिल्ली सरकार (Delhi Govt) नए प्रयास कर रही है. इसी कड़ी में सरकार ने एक और बढ़िया फैसला लिया है. इसके तहत, अब दिल्ली पुलिस के कर्मचारी कोर्ट के समन और वारंट देने के लिए आरोपी या गवाह के घर नहीं जाएंगे. व्हाट्सएप या फिर ईमेल के जरिए अब वारंट और समन भेजा जाएगा. इस विषय में राज्यपाल द्वारा नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया है.
पुलिस विभाग को मिलेगी राहत
फिजिकल तौर पर आरोपी या गवाह के घर जाकर समन या वारंट देने की समस्या से अब पुलिस विभाग को छुटकारा मिल जाएगा. नई व्यवस्था को लागू करने के लिए सभी पुलिस स्थितियों में दिल्ली सरकार की मदद से इलेक्ट्रॉनिक सामान वितरण केंद्र बनाए जाएंगे. इस नए निर्णय से काफी ज्यादा फायदे होंगे. दिल्ली पुलिस आरोपी या गवाह को जाकर यह समन या वारंट देती थी, जिससे विभाग का काफी ज्यादा समय और धन खर्च होता था. अब दिल्ली पुलिस सॉफ्टवेयर के जरिए समन और वारंट जारी कर सकेगी.
होंगे डिजिटल हस्ताक्षर
इस पर डिजिटल रूप में कोर्ट की मोहर और अधिकारी के डिजिटल हस्ताक्षर भी होंगे. नए नियमों से संबंधित नोटिफिकेशन के अनुसार पुलिसकर्मियों को शिकायत दर्ज करते समय मोबाइल नंबर, ईमेल और व्हाट्सएप नंबर लेना होगा. यदि किसी के पास यह सुविधा नहीं है, तो उसे प्रिंट फॉर्म में समन आदि घर तक पहुंचाया जाएगा, जैसा अब तक होता आया है. थाना अध्यक्ष की निगरानी में यह सब काम होंगे. इन बदलावों को लागू करने के लिए दिल्ली पुलिस स्टेशन में इलेक्ट्रॉनिक सामान डिलीवरी केंद्र की स्थापना करेगी.
