महेंद्रगढ़ | हरियाणा का पहला रोपवे हरियाणा के जिला महेंद्रगढ़ के नारनौल में ढोसी की पहाड़ियों पर बनाया जाएगा. 45 करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट को केंद्र की मंजूरी मिल चुकी है. अगले डेढ़ साल में इसे तैयार कर शुरू कर दिया जाएगा. इसे हरियाणा सरकार और केंद्र सरकार के संयुक्त उद्यम से तैयार किया जाएगा. इसके लिए जमीन हरियाणा सरकार उपलब्ध कराएगी जबकि केंद्र सरकार राशि खर्च करेगी. केंद्र और हरियाणा सरकार की 50- 50 फीसदी हिस्सेदारी होगी.
विदेशी तकनीक से बनेगा रोपवे
जमीन से पहाड़ तक जाने के लिए करीब 900 मीटर लंबा रोपवे पूरी तरह से विदेशी (स्वीडन) तकनीक से बनाया जाएगा. यह पूरी तरह से सुरक्षित और अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप होगा. रोपवे के तार पूरी तरह से स्टील के होंगे और ये सभी विदेश से आयात किए जाएंगे. रोपवे की डीपीआर तैयार हो चुकी है और इसका डिजाइन तैयार किया जा रहा है. आपकी जानकारी के लिए बता दिया जाए कि मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को धोसी को पर्वतारोहण पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की योजना तैयार करने का निर्देश दिया था. इसी आधार पर यह प्रोजेक्ट तैयार किया गया है ताकि यहां पर्यटन को बढ़ावा दिया जा सके.
ढोसी पर्वत महर्षि च्यवन की है तपोस्थली
बता दें कि ढोसी की पहाड़ी वैदिक काल के च्यवन ऋषि की तपोस्थली है. यहीं पर तपस्या करते हुए उन्होंने सबसे पहले च्यवनप्राश बनाया. ढोसी पर्वत पर एक सुन्दर जलाशय है. इसके अलावा, ढोसी पर्वत का उल्लेख हिंदुओं के कई पवित्र ग्रंथों जैसे ब्राह्मण, महाभारत और पुराणों में भी मिलता है. पांडवों ने भी अपने अज्ञातवास के दौरान यहां कुछ समय बिताया था. सोमवती अमावस्या पर ढोसी पर बने कुंड में स्नान का विशेष महत्व है.
ढोसी पहाड़ियों पर रोप-वे प्रोजेक्ट को केंद्र सरकार की मंजूरी मिल गई है. इस पर जल्द ही काम शुरू किया जाएगा. हमारा प्रयास है कि इस प्रोजेक्ट को अगले डेढ़ साल में पूरा कर लिया जाये. रोपवे शुरू होने के बाद यहां पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा. पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए यह दक्षिण हरियाणा के लिए बहुत महत्वपूर्ण परियोजना होगी- एमडी सिन्हा, प्रधान सचिव, पर्यटन विभाग
