चंडीगढ़ | हरियाणा सरकार की ग्रुप A और B से जुड़ी सरकारी भर्तियों के लिए सरकार ने एक नया नियम बनाया है. नए नियम के मुताबिक, ग्रुप A और B की सरकारी भर्तियों के लिए आधार अनिवार्य रहेगा. भर्तियों में होने वाले फर्जीवाडे व धोखाधड़ी को रोकने के लिए प्रदेश सरकार (Haryana Govt) ने यह सख्त कदम उठाया है. इसके साथ ही, सरकारी सेवा में कार्य कर रहें कर्मियों व सेवानिवृत कर्मियों का डाटा मानव संसाधन प्रबंधन प्रणाली (HRMS) पोर्टल पर इकट्ठा किया जाएगा.
बैठक आधार प्रमाणीकरण के प्रस्ताव को मिली स्वीकृति
28 दिसंबर यानी शनिवार को मंत्रिमंडल की बैठक हुई. इस बैठक की अध्यक्षता मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने की. बैठक के दौरान ग्रुप A व B की भर्तियों में आवेदन के दौरान आधार कार्ड प्रमाणीकरण के प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की गई है. मुख्यमंत्री नायब सैनी ने बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में बताया कि प्रथम और द्वितीय श्रेणी भर्तियों में आवेदन के दौरान अभ्यर्थियों द्वारा आधार कार्ड अपलोड करने से हरियाणा लोक सेवा आयोग (HPSC) के पास आवेदनकर्ताओं का सटीक डाटा उपलब्ध होगा.
HRMS पोर्टल पर होगा कर्मियों की सेवा का पूरा रिकॉर्ड
यह पहल धोखाधड़ी व फर्जीवाड़े पर भी रोक लगाने में आयोग के लिए कारगर साबित होगा. इससे भर्तियों की विश्वसनीयता बढ़ेगी और जनता का प्रतियोगी परीक्षाओं पर विश्वास भी बढ़ेगा तथा भर्तियां भी पारदर्शी माध्यम से हो पाएंगी. मुख्यमंत्री ने बताया कि मानव संसाधन विभाग के पास राजकीय सेवाओं में कार्यरत कर्मियों और सेवानिवृत कर्मियों का पूरा डाटा उपलब्ध होगा. HRMS पोर्टल पर कर्मियों की सेवा का पूरा रिकॉर्ड रहेगा.
पोर्टल पर दर्शाए जाएंगे रिटायर होने के बाद खाली पद
इसी के आधार पर कर्मियों के हित में आगामी फैसले होंगे. एचआरएमएस पोर्टल पर पहले यह डाटा था कि राज्य में कितने कर्मचारी कार्यरत हैं, लेकिन कितने सेवानिवृत हो चुके हैं, इसका डाटा मौजूद नहीं था. अब कर्मियों की सेवा का रिकॉर्ड एक जगह जमा होगा. एचआरएमएस पोर्टल पर रिटायर होने के बाद रिक्त पदों को भी प्रदर्शित किया जाएगा. इसके बाद, पदों को भरने के लिए HSSC तथा HPSC को भर्ती की सिफारिश भेजी जाएगी.
