नई दिल्ली | चुनाव दर चुनाव कड़ी हार से कांग्रेस में घमासान मचा हुआ है. पहले हरियाणा और महाराष्ट्र और अब दिल्ली चुनाव में फजीहत के बाद कांग्रेस ने सबक लेने की तैयारी कर दी है. बताया जा रहा है कि फरवरी के आखिर तक कांग्रेस संगठन में बड़ा बदलाव हो सकता है. यह प्रकिया लोकसभा चुनाव के बाद होनी थी, लेकिन उपरोक्त राज्यों में चुनाव के चलते रूक गई थी. दिल्ली विधानसभा चुनाव में करारी हार के बाद अब पार्टी थोड़ी सी भी देरी करने के मूड में नहीं है.

राहुल- खरगे कर चुके मीटिंग
सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस संगठन में बदलाव को लेकर पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी कई दौर की बैठक कर चुके हैं. इन बैठकों में संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल भी उपस्थित रहे हैं. कांग्रेस संगठन में ढांचागत बदलाव भी हो सकता है. इसमें संगठन महासचिव के काम को तीन हिस्सों में बांटा जा सकता है. तीनों हिस्सों के लिए अलग- अलग नेता नियुक्ति किया जा सकता है.
इससे अध्यक्ष के बाद सबसे ताकतवर पद की ताकत कम होगी. वर्तमान में केसी वेणुगोपाल संगठन मंत्री हैं, जिनकी गिनती राहुल गांधी के बेहद खास और ताकतवर नेताओं में होती है. इसका मतलब है कि केसी वेणुगोपाल का कद घट जाएगा.
कहां- कहां होंगे बदलाव
सूत्रों का कहना है कि कांग्रेस पार्टी में करीब आधा दर्जन नए महासचिव की नियुक्ति होगी. कुछ महासचिवों की छुट्टी होगी, तो कुछ के प्रचार वाले राज्य में बदलाव होगा. बिहार, राजस्थान, तेलंगाना, हरियाणा, पंजाब और असम के प्रभारी बदले जा सकते हैं. लगभग 8 राज्यों के अध्यक्ष बदले जाएंगे, जिसकी शुरुआत ओडिशा से हो चुकी है.
कर्नाटक में भी डी के शिवकुमार डिप्टी सीएम के साथ पार्टी अध्यक्ष भी हैं. उनकी जगह संगठन में नई नियुक्ति हो सकती है. झारखंड प्रभारी गुलाम अहमद मीर से भी प्रभार लिया जाएगा. वो अपने गृह राज्य जम्मू कश्मीर वापस लौटेंगे. हर्षवर्धन सकपाल महाराष्ट्र के अध्यक्ष बन सकते हैं. महाराष्ट्र, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और तमिलनाडु के अध्यक्ष बदले जाएंगे. असम में गौरव गोगोई अध्यक्ष बनाए जा सकते हैं.
प्रियंका गांधी को मिलेगी बड़ी जिम्मेदारी
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वर्तमान में किसी भी राज्य की प्रभारी नहीं है. ऐसे में उनको किसी बड़े राज्य का प्रभार दिया जा सकता है. बी के हरिप्रसाद, सचिन राव, मीनाक्षी नटराजन, श्रीनिवास बी वी, प्रगट सिंह, अजय कुमार लल्लू, जिग्नेश मेवानी,कृष्णा अलावरू,मोहम्मद जावेद,अभिषेक दत्त,गणेश गोदियाल, प्रकाश जोशी जैसे नेताओं को संगठन में बड़ी जिम्मेदारी मिल सकती है.
वेणुगोपाल भी होंगे रिप्लेस
संगठन महासचिव वेणुगोपाल मजबूती से अपने पद पर बने हुए हैं. मगर उनको कुछ महीने पहले ही संसद की लोक लेखा समिति का अध्यक्ष बनाया गया है. ऐसे में अटकलें है कि उनको बदला का सकता है और उनकी जगह रणदीप सुरजेवाला, प्रियंका गांधी, भूपेश बघेल, भंवर जितेंद्र सिंह अलवर या अशोक गहलोत ले सकते हैं. हालांकि, इस पर आखिरी फैसला राहुल गांधी को ही करना है. संचार विभाग के महासचिव जयराम रमेश भी बदले जा सकते हैं.