नई दिल्ली | राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और एनसीआर क्षेत्र में सार्वजनिक परिवहन कनेक्टिविटी मजबूत करने की दिशा में निरंतर नए प्रयास किए जा रहे हैं. इसी कड़ी में दिल्ली- हरियाणा- राजस्थान को जोड़ने वाले रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) कारिडोर को अब नमो भारत ट्रेन का नाम दिया गया है.
106 किमी लंबा होगा ट्रैक
इसके ट्रैक को बिछाने का काम शीघ्र आरंभ हो जाएगा. काम आरंभ करने के लिए केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय ने केंद्रीय कैबिनेट के पास प्रस्ताव अनुमोदन के लिए भेज दिया है. अगले सप्ताह इसकी स्वीकृति मिलने की संभावना है. केंद्रीय शहरी आवास मंत्री मनोहर लाल ने इसकी पुष्टि को है.
पहले चरण में दिल्ली के सराय काले खां से लेकर गुरुग्राम होते हुए राजस्थान के नीमराणा तक 106 किलोमीटर का ट्रैक तैयार किया जाएगा. दूसरे और तीसरे चरण में ट्रैक का रेवाड़ी से अलवर तक विस्तार किया जाना है. इसी कड़ी में फरीदाबाद को भी नमो भारत ट्रैक से उत्तर प्रदेश के जेवर एयरपोर्ट के पास जोड़े जाने की योजना तैयार की गई है. इस ट्रैक पर नमो भारत ट्रेन करीब 150 किलोमीटर की गति से दौड़ेगी.
हजारों को मिलेगा लाभ
दिल्ली से अलवर तक का सफर करीब डेढ़ घंटे में पूरा हो सकेगा. प्रत्येक 8 किलोमीटर की दूरी पर स्टेशन होंगे. गुरुग्राम व फरीदाबाद में मेट्रो स्टेशन से नमो भारत ट्रेन की कनेक्टिविटी के लिए इंटरचेंज स्टेशन बनाए जाएंगे. इस प्रोजेक्ट को चार साल में पूरा करने की योजना है. नमो भारत ट्रेन चलने से गुरुग्राम, मानेसर, धारूहेड़ा, भिवाड़ी, बावल की औद्योगिक इकाइयों में काम करने वाले हजारों लोगों को फायदा पहुंचेगा. दिल्ली- जयपुर हाईवे तथा दिल्ली- मुंबई एक्सप्रेसवे पर से वाहनों का दबाव कम करने में मदद मिलेगी.
