सोनीपत | पिछले कुछ वर्षों से हरियाणा में विदेश जाने का चलन बढ़ रहा है. कुछ युवा वैध तरीके से और कुछ अवैध तरीके से विदेश जाते है. रोजगार और अच्छी कमाई के लालच में लाखों युवा विदेश जाते है. इसी में एक कहानी सोनीपत रहने वाले मोहित की है. मोहित ने भी अच्छे पैसे कमाने के लिए विदेश जाने की कोशिश की, लेकिन वह जा नहीं पाया. कभी पैसों की दिक्कत तो कभी अन्य कारणों के कारण वह विदेश जाने में कामयाब नहीं हुआ.
युवाओं के लिए बना प्रेरणा
मोहित ने 3 से 4 साल विदेश जाने की कोशिश की, लेकिन वह कामयाब नहीं हुआ इसीलिए उसने सोचा कि विदेश में लाखों रुपए खर्च करके जाने से अच्छा है वो यही इन पैसों से खुद का स्टार्टअप करे. इसी सोच के साथ मोहित ने कुरुक्षेत्र में द टेस्ट ऑफ हरियाणा के नाम से पराठा बनाने की दुकान शुरू की, जहां वो चाय के साथ देसी घी के पराठे सर्व करते है. इस स्टार्टअप से मोहित लाखों रुपए कमा रहे है.
मां ने की परवरिश
मोहित देशवाल का निवास स्थान सोनीपत है. साल 2005 में मोहित के पिता का स्वर्गवास हो गया था. इसके बाद, मोहित की मां ने उनको पाल- पोसकर बड़ा किया. साल 2014 में उनकी मां का निधन हो गया, जिसके बाद से उसका संघर्ष बढ़ गया. इसके बाद, मोहित ने पढ़ाई पूरी कर अच्छी नौकरी करने की सोची. मोहित ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी से B.Ed. मास्टर डिग्री पूरी की और मोहित ने नौकरी की तलाश की. जब बहुत कोशिशों के बाद उसे नौकरी नहीं मिली तो उसके दोस्तों ने विदेश बुलाया फिर उसने विदेश जाने का सपना देखा.
काम के साथ कर रहे पढ़ाई
मोहित अपने काम के साथ- साथ पढ़ाई कर रहे है. वह डबल M.A. की पढ़ाई कर रहे है. पहले उसने एक M.A. फिलॉसफी में की हुई है. अब वह संस्कृत भाषा में कर रहे है. कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में रहते हुए उसने कई बाद खुद खाना बनाया है इसीलिए उसने खाना बनाने का बिजनेस शुरू किया. कुरुक्षेत्र में जो भी उसके पराठे खाते है सबको पसंद आते हैं.
लेनी चाहिए सीख
मोहित के दोस्त ने बताया कि मोहित ने बहुत संघर्ष किया है. जब बहुत कोशिश के बाद उसे नौकरी नहीं मिली तो उसने विदेश जाने की सोची, जहां उसने लाखों रुपए खर्च किए. नतीजा वह विदेश जाने में कामयाब नहीं हो पाया, लेकिन उसने हार नहीं मानी. उसने यहां बिजनेस किया और आज वह लाखों पैसे कमा रहा है. मोहित ने बताया कि आजकल डंकी रूट से विदेश जाने का तरीका काफी चलन में है, जिससे लाखों लोगों के पैसे बर्बाद होते है और हजारों की संख्या में लोगों के मारने के मामले सामने आए है. उसने कहा कि विदेश में जाकर भी मेहनत ही करनी है तो फिर क्यों ना यही रहकर मेहनत करें और पैसा कमाएं.
