चंडीगढ़ | हरियाणा के सरकारी स्कूलों में कार्यरत शिक्षकों के लिए अच्छी खबर है. प्रदेश के शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने बताया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत इस साल करीब 1 लाख शिक्षकों का 31 मई 2025 तक ट्रांसफर किया जाएगा. टीचर ट्रांसफर पॉलिसी के तहत शिक्षकों को उनके ब्लॉक के स्कूलों में प्राथमिकता दी जाएगी, ताकि परीक्षा परिणामों में सुधार किया जा सके. उन्होंने बताया कि पदों का राशनलाइजेशन शुरू हो चुका है, जो 7 मार्च तक पूरा हो जाएगा. पहले चरण में पीएम श्री और मॉडल संस्कृति स्कूलों में, इसके बाद अन्य सरकारी स्कूलों में शिक्षकों का तबादला किया जाएगा.
सरकारी स्कूलों में बढ़ाई जाएंगी सुविधाएं
शिक्षा मंत्री ने स्कूल एजुकेशन अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक में बताया कि प्रदेश के 14,000 सरकारी स्कूलों में पढ़ रहे 22 लाख विद्यार्थियों की शिक्षा को बेहतर बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि स्कूलों में खिलाड़ियों के लिए बेहतर खेल मैदान और उपकरणों की व्यवस्था सुनिश्चित करवाई जाए.
बैठक में प्रदेश के 1,497 पीएम श्री मॉडल संस्कृति सीनियर सेकेंडरी स्कूलों में हाई स्कूल लैब, कक्षों की व्यवस्था, चारदीवारी निर्माण जैसे कार्यों की समीक्षा की गई. उन्होंने कहा कि इन स्कूलों में मार्च 2026 तक सभी कार्य पूरे कर लिए जाएंगे. इसके तहत कंप्यूटर लैब, अटल लैब, वोकेशनल लैब और ओपन जिम की सुविधा भी उपलब्ध करवाई जाएगी.
शिक्षकों की परफॉर्मेंस पर रखी जाएगी नजर
शिक्षा मंत्री ने कहा कि सरकारी स्कूलों में खेल मैदानों की स्थिति का आकलन किया जाएगा. इसके अलावा, प्रत्येक स्कूल में खिलाड़ियों की उपलब्धियों और शारीरिक शिक्षकों (पीटीआई व डीपीई) के योगदान की रिपोर्ट प्रिंसिपल से लिखित रूप में मांगी जाएगी. कमजोर प्रदर्शन करने वाले शिक्षकों पर भी कड़ी नजर रखी जाएगी. उन्होंने कहा कि स्कूलों में अधिक से अधिक साइंस लैब बनाई जाएंगी, ताकि प्रतिभाशाली विद्यार्थी अपने कौशल को निखार सकें. आर्ट एंड क्राफ्ट के बच्चों की प्रतिभा को भी संवारने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा. इस बैठक में स्कूल एजुकेशन प्रिंसिपल सेक्रेटरी पंकज अग्रवाल, निर्देशक सेकेंडरी एजुकेशन जितेंद्र दहिया समेत अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे.
