HKRN के तहत भर्ती करने के विरुद्ध अवमानना का मामला, मुख्य सचिव ने हाईकोर्ट में दायर किया जवाब

चंडीगढ़ | हरियाणा कौशल रोजगार निगम (HKRN) के तहत बहुत सारी भर्तियां की जाती है. इसके जरिए कर्मचारियों को कच्ची नौकरी मिलती है, मगर अब इसे बंद किया जा सकता है. HKRN के तहत, कर्मचारियों को नियुक्ति देना अस्थायी व्यवस्था है और इसे खत्म किया जा सकता है. हाल ही में यह जानकारी हरियाणा के मुख्य सचिव ने हाई कोर्ट में दायर अपने जवाब में दी है.

Haryana Kausal Rojgar Nigam HKRN

मुख्य सचिव के हलफनामे के मुताबिक, एचकेआरएन के तहत ज्यादातर संविदा नियुक्ति गैर स्वीकृत पदों पर और स्वीकृत पदों पर सिर्फ अस्थायी व्यवस्था के रूप में की जा रही हैं. सभी उम्मीदवारों को नियुक्ति पत्र जारी करते समय विशिष्ट नियम और शर्तों का उल्लेख किया जा रहा है. उन्हें बताया जा रहा है कि रेगुलर कर्मचारी के शामिल होने की स्थिति में विभागाध्यक्ष की सिफारिश पर संबंधित की सेवा खत्म की जा सकती है.

हाई कोर्ट की अवमानना याचिका पर दिया जवाब

अपने विस्तृत जवाब में मुख्य सचिव डॉ. विवेक जोशी ने यह भी बताया कि संविदा नियुक्ति के वक़्त यह तय किया गया है कि कर्मचारी को अपनी सेवाओं के नियमितीकरण का दावा करने का कोई कानूनी अधिकार नहीं होगा, जहां उन्हें तैनात किया गया है. मुख्य सचिव की तरफ से यह जवाब एचकेआरएन के तहत पिछले दरवाजे से नियुक्तियां करने के लिए राज्य अधिकारियों के विरुद्ध हाई कोर्ट की अवमानना की एक याचिका पर दायर किया गया.

अल्पकालिक संविदा नियुक्ति का सहारा

मुख्य सचिव ने एक पैरा में एचकेआरएन के तहत अस्थायी रूप से नियुक्त कर्मचारियों को विभागाध्यक्ष द्वारा हटाए जाने का उल्लेख किया है, पर एक पैरा में मुख्य सचिव ने इस बात पर बल दिया है कि नियमित नियुक्तियों के मामले में उन्हें गैर- स्वीकृत या संविदा पदों पर समायोजित किया जा सकता है.

मुख्य सचिव ने एचकेआरएन के तहत राज्य द्वारा की गई भर्तियों को सही ठहराते हुए बताया है कि नियमित भर्ती प्रक्रिया बहुत लंबी और समय लेने वाली प्रक्रिया हैं. आकस्मिक आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए अस्थायी व्यवस्था के रूप में राज्य सरकार को एचकेआरएन के तहत कर्मियों की अल्पकालिक संविदा नियुक्ति का सहारा लेना पड़ता है.

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नियमित भर्ती प्रक्रिया पूरी होने में लगता है समय

मुख्य सचिव कीतरफ से यह भी कहा गया है कि ज्यादातर बार नियमित भर्ती प्रक्रिया मुकदमेबाजी के दायरे में आ जाती है, जिससे नियमित भर्ती प्रक्रिया में देरी होती है और नियमित भर्ती प्रक्रिया पूरी होने में काफी वक्त लग जाता है. हरियाणा संविदा कर्मचारी (सेवा की सुरक्षा) विधेयक 2024 कानून हाई कोर्ट द्वारा पारित निर्देशों के अनुसार बनाया गया है. कोर्ट को बताया गया कि राज्य सरकार द्वारा समय- समय पर ग्रुप ए, बी, सी और डी के सभी पदों पर नियमित भर्तियां की जा रही है.

HSSC और HPSC भी कर रहे भर्तियां

राज्य द्वारा 2024 में हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (HSSC) के जरिये कुल 56 हजार 830 पदों की भर्ती की गई हैं और एचएसएससी के साथ कुल 11 हजार 674 पदों की भर्ती प्रक्रिया चल रही है. इसके अतिरिक्त, हरियाणा लोक सेवा आयोग (HPSC) ने भी 2024 में कुल 2715 पदों पर सिफारिशें की हैं और कुल 1168 पदों के रिजल्ट घोषित किए गए हैं, मगर अभी सिफारिश की जानी है। मुख्य सचिव ने बताया कि वर्तमान में एचपीएससी की ओर से 6329 पदों पर भर्ती प्रक्रिया जारी है.

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Deepika Bhardwaj
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मेरा नाम दीपिका भारद्वाज है. पिछले साढ़े 5 साल से Haryana E Khabar वेबसाइट पर राइटर का काम कर रही हूँ. मैं यहाँ हरियाणा व दिल्ली में निकली सरकारी और प्राइवेट नौकरी से जुड़ी जानकारी साझा कर रही हूँ.