चंडीगढ़ | हरियाणा के लाखों युवा CET परीक्षा का इंतजार कर रहे हैं. कॉमन एलिजिबिलिटी टेस्ट यानि सीईटी को लेकर हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (HSSC) ने सभी तरह की तैयारी कर ली है. अब किसी भी वक़्त विज्ञापन जारी हो सकता है. चूंकि, मई में ही सीईटी कराया जाना है. ऐसे में कम- से- कम 15 दिन के लिए पोर्टल को खोला जाएगा.
HSSC बनाएगा नकल के केस
विशेष बात ये है कि अबकी बार हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग नकल के केस भी बनाएगा. इसका मतलब है कि रूम के अंदर परीक्षार्थी यदि नकल करेगा, तो तुरंत यूएमसी बनाया जाएगा. केवल इतना ही नहीं, हर कमरे में 2 कैमरे लगाए जाएंगे जो AI आधारित होंगे. जब भी कोई परीक्षार्थी नकल करने की मूवमेंट की कोशिश करेगा या 2 से 3 व्यक्ति एक साथ करेंगे, तो तुरंत एआई यह संदेश कैमरे के माध्यम से कंट्रोल रूम में भेज देगा.
गड़बड़ होने पर तुरंत होगी कार्रवाई
कंट्रोल रूम की तरफ से तुरंत सेंटर के अधीक्षक को रूम चेक करने को कहा जाएगा. यही नहीं संबंधित रूम की सभी तरह की मूवमेंट आयोग के पास होगी. अगर किसी तरह की गड़बड़ हुई तो तुरंत कार्रवाई होगी. हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग के चेयरमैन एडवोकेट हिम्मत सिंह पिछले कई दिनों में सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठकें कर चुके है. प्रबल संभावना है कि वे सीएम नायब सिंह सैनी व मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी के साथ बैठक कर सीईटी का विज्ञापन किसी भी वक़्त जारी कर सकते हैं.
केंद्रों से पेपर आउट पर होगी नज़र
सूत्रों की मानें तो जिस भी सेंटर से पेप रआउट की जानकारी सामने आएगी, वहां कड़ी कार्रवाई की जाएगी. जो भी स्टॉफ़ सदस्य या अन्य व्यक्ति पेपर को आउट कराने में शामिल होंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई का प्रावधान किया गया है. यही नहीं संबंधित जिले के एसपी व डीएसपी के अतिरिक्त अन्य पुलिस अधिकारी लगातार डयूटी देंगे.
हर कमरें में होंगे 2 कैमरे
पूरे प्रदेशमें परीक्षा के लिए 2,300 से ज्यादा सेंटर बनाए जाने हैं. केंद्रों के हर रूम में 2 कैमरे लगेंगे. यही नहीं सेंटर के आउटर में भी कैमरे होंगे, ताकि बाहर से आने- जाने वाले हर व्यक्ति की जानकारी मिलती रहें. सुरक्षा भी कड़ी होगी, इसके लिए थ्री- लेयर की योजना तैयार की जा रही है. मुख्य सचिव के लेवल पर इस बारे में बैठक हो चुकी है. जल्द ही, एसपी और डीसी के साथ बैठक की जाएगी. यदि कोई अधिकारी यह कर्मचारी लापरवाही करता है, तो उसके विरुद्ध कार्यवाही की जाएगी.
