चंडीगढ़ | हरियाणा में गरीब परिवारों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है. अब उनके खुद के घर का सपना साकार होने जा रहा है. ‘मुख्यमंत्री आवास योजना’ के तहत प्रदेश सरकार ने शहरों में उन परिवारों को प्लॉट और फ्लैट देने का निर्णय लिया है, जिनकी सालाना आमदनी 1 लाख 80 हजार रुपये से कम है. सरकार के पास 2 लाख 89 हजार परिवारों का आंकड़ा पहुंचा है, जिनके पास स्वयं का घर नहीं है.
4 बड़े शहरों में मिलेगे फ्लैट
इतना ही नहीं, प्रदेश सरकार ने शहरी तर्ज पर ‘मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास’ योजना शुरू करने की घोषणा इस साल के बजट में की है. अभी तक सरकार प्रदेश के 14 शहरों व कस्बों में इन परिवारों के लिए भूमि की पहचान कर चुकी है. 4 बड़े शहरों गुरुग्राम, फरीदाबाद, सोनीपत और पंचकूला में सस्ती दरों पर इन गरीब परिवारों को फ्लैट मुहैया करवाए जाएंगे. बाकी शहरों एवं कस्बों में प्लॉट का प्रबंध सरकार करेगी.
1 हजार करोड़ का बजट
इस योजना की शुरुआत के तहत, अभी तक 14 लाभार्थियों को प्लाट आवंटन की प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है. सरकार ने अगले 6 महीने में इस योजना को सिरे चढ़ाने का लक्ष्य निर्धारित किया है. मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने इस योजना को अमलीजामा पहनाने के लिए साल 2024- 25 के बजट में 1 हजार करोड़ रूपए की राशि अलग से निर्धारित की है.
सितंबर तक मिलेगा कब्जा
‘मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास’ योजना की घोषणा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बड़ी संख्या में ऐसे लाभार्थी हैं, जिन्हें महात्मा गांधी ग्रामीण बस्ती योजना के तहत प्लाट तो आवंटित हो गए, लेकिन उन्हें पिछले 15 सालों से कब्जा नहीं मिला है. ऐसे लगभग 25 हजार लाभार्थियों को सितंबर तक कब्जा देने की समय- सीमा निर्धारित की है.
इसके साथ ही, सीएम मनोहर लाल ने स्पष्ट किया है कि अगर किन्हीं कारणों से कब्जा नहीं दिया जा सका तो सरकार मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत ऐसे लाभार्थियों को 1 लाख रुपये की मदद करेगी. इस राशि से वे गांव में अपने लिए भूखंड ले सकेंगे.
