फरीदाबाद | हरियाणा में किसानों के लिए राहत भरी खबर आई है. अब ‘मेरी फसल मेरा ब्यौरा’ पोर्टल पर रबी सीजन की फसलों और जमीन के पंजीकरण की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है. सरकारी आंकड़ों के अनुसार, 7 जनवरी तक प्रदेशभर में 7,64,286 किसानों ने इसके लिए पंजीकरण कराया है. इन किसानों ने अपनी 89,85,420 एकड़ भूमि में से 43,78,170 एकड़ का पंजीकरण कराया है. अभी भी आधे से ज्यादा किसानों ने पंजीकरण नहीं करवाया है.
पंजीकरण है जरूरी- DC
इस बारे में जानकारी देते हुए फरीदाबाद के डीसी ने बताया कि कृषि एवं किसान कल्याण विभाग की योजनाओं के बारे में किसानों में कुछ गलतफहमियां हैं. कुछ किसानों को लगता है कि ‘मेरी फसल मेरा ब्यौरा’ पोर्टल पर पंजीकरण करने से उनकी आय परिवार पहचान पत्र से जुड़ जाएगी, लेकिन ये पूरी तरह से गलत है. सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए इस पोर्टल पर पंजीकरण जरूरी है.
किसानों को मिलता है मुआवज़ा
प्राकृतिक आपदाओं से फसलों को होने वाले नुकसान की भरपाई के लिए प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत बीमा कराया जाता है. जिन किसानों ने इस योजना के तहत प्रीमियम जमा किया है, उनकी फसल को नुकसान होने पर मुआवजा दिया जाता है. जिन किसानों का बीमा नहीं होता, उन्हें सरकार द्वारा क्षतिपूर्ति योजना के तहत मुआवजा प्रदान किया जाता है.
इन योजनाओं का लाभ प्राप्त करने के लिए ‘मेरी फसल मेरा ब्यौरा’ पर पंजीकरण जरूरी है. कृषि यंत्र और अन्य सुविधाओं के लिए भी पोर्टल पर पंजीकरण करना जरूरी है. रजिस्ट्रेशन की अंतिम तिथि 31 जनवरी 2025 निर्धारित की गई है.
आवश्यक दस्तावेज
- रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर (जिस पर ओटीपी प्राप्त हो)
- किसान पहचान पत्र
- आधार कार्ड
- राशन कार्ड
- परिवार पहचान पत्र
- बैंक पासबुक
- जमीन से संबंधित दस्तावेज
ऐसे करें पंजीकरण
- सबसे पहले हरियाणा सरकार की आधिकारिक वेबसाइट https://fasal.haryana.gov.in/ पर जाएं.
- होम पेज पर दिए गए “किसान अनुभाग” पर क्लिक करें.
- अपना रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर दर्ज करें और कैप्चा कोड भरें.
- लॉगिन पर क्लिक करें, जिसके बाद आपके मोबाइल नंबर पर ओटीपी आएगा.
- परिवार पहचान पत्र के ऑप्शन पर “हां” पर क्लिक करें.
- आधार नंबर दर्ज करने के बाद किसान पंजीकरण आवेदन फॉर्म खुल जाएगा.
- खेत का खसरा नंबर, फसल की जानकारी, बैंक अकाउंट डिटेल, मंडी और आढ़ती का विवरण भरें.
- सभी जानकारी भरने के बाद फॉर्म सबमिट करें.
