गुरुग्राम | दिल्ली से सटे गुरुग्राम से एक बड़ी खबर सामने आई है. यहां शहर के सेक्टर- 37D स्थित देश की नवरत्न कंपनी नेशनल बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन कंपनी (एनबीसीसी) की ग्रीन व्यू सोसायटी के तीन टावरों को गिराने की अनुमति दे दी गई है.
लोगों ने 2012 में जमा करानी शुरू की थी राशि
उपायुक्त अजय कुमार ने बताया कि सोसायटी के E, F और G टावर को गिराने की अनुमति दी गई है. प्रशासन के इस फैसले से सोसायटी के निवेशकों को उम्मीद जगी है कि एनबीसीसी खतरनाक साबित हो चुके इन टावर को गिराकर नया निर्माण शुरू करेगी या ब्याज सहित उनका रिफंड करेगी.
साल 2011 में एनबीसीसी ने सोसायटी निर्माण की प्रक्रिया शुरू की थी और 2012 में लोगों ने अग्रिम राशि जमा करानी शुरू कर दी थी. 2015 में सोसायटी का निर्माण कार्य पूरा कर लोगों को कब्जा देने की घोषणा की गई थी.
इमारत के निर्माण पर उठे सवाल
2019 में लोगों को कब्जा दिया गया था, लेकिन कुछ समय बाद ही दीवारों से और लेंटर का प्लास्टर झड़ने लगा तो इमारत के निर्माण पर सवाल खड़े होने लगे. एनबीसीसी ने इस सोसायटी का स्ट्रक्चरल ऑडिट कराने का काम पहले IIT दिल्ली और फिर IIT रूड़की को सौंपा और दोनों ही टीमों ने इमारत में पूरी तरह खामी होने की रिपोर्ट दे दी. रिपोर्ट में इस इमारत को रहने लायक नहीं बताया था.
फरवरी 2022 में रिपोर्ट के बाद निवासियों को फ्लैट खाली करने के आदेश दिए थे. धीरे- धीरे निवासियों ने सोसायटी खाली कर दी है. एनबीसीसी ने टावर गिराने के लिए अनुमति मांगी थी. तीन टावरों को गिराने की अनुमति दे दी है- अजय कुमार, जिला उपायुक्त, गुरुग्राम
