जींद | शिक्षा क्षेत्र में हरियाणा की युवा प्रतिभा अपनी मेहनत और सच्ची लगन की बदौलत सफलता के नए आयाम स्थापित कर रही है. इसी कड़ी में जींद जिले के गांव अहिरका निवासी नवीन कौशिक ने UPSC द्वारा आयोजित CDS परीक्षा में पूरे भारतवर्ष में दूसरी रैंक हासिल कर भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट के पद पर नियुक्ति हासिल की है.

मां के ताने ने बदली तकदीर
दरअसल, बचपन में नवीन घरेलू कार्यों से नजरें चुराते थे तो मां ने एक दिन ताना मारते हुए उन्हें कहा था कि “काम नहीं करता, तु क्या लेफ्टिनेंट लग रहा है”. उस समय नवीन को पता नहीं था कि लेफ्टिनेंट क्या होता है और कैसे बना जाता था, लेकिन उन्होंने मन में ठान लिया था कि एक दिन मां को कुछ बड़ा बनकर दिखाना है.
नवीन कौशिक ने 12वीं तक हर कक्षा में टॉप किया. इसके बाद, सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी करने के लिए दिल्ली चले गए. यहां उन्होंने सिर्फ आनलाइन सोर्सेज से पढ़ाई की, सेल्फ स्टडी पर ध्यान दिया और दिन- रात कड़ी मेहनत करते हुए इस विशेष उपलब्धि को हासिल कर मां से कही गई बात को पूरा कर दिखाया.
ऐसे लिखी सफलता की कहानी
नवीन ने दिल्ली यूनिवर्सिटी से बीए की पढ़ाई पूरी कर UPSC की तैयारी शुरू कर दी. शुरूआत में पढ़ाई में मन नहीं लगा लेकिन उन्होंने किसी तरह अपने मन पर काबू पाते हुए मेहनत करना शुरू कर दिया. CDS के पहले प्रयास में सफलता हासिल नहीं हुई. इस दौरान उन्होंने कोचिंग सेंटर ज्वाइन करने की सोची, लेकिन परिवार की आर्थिक स्थिति इतनी मजबूत नहीं थी कि कोचिंग सेंटर में एडमिशन लिया जा सके. इसलिए उन्होंने फिर खुद से ही तैयारी करने का मन बना लिया और रोजाना 8- 10 घंटे तक पढ़ाई की. इसके बाद, उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा और CDS में दूसरा रैंक हासिल कर अपने आप को साबित कर दिखाया.
पहले नवीन सिर्फ मेरा बेटा था लेकिन अब वो पूरे प्रदेश और देश का बेटा हो गया है. हमने उसे हर कदम पर भरपूर सहयोग दिया और मेहनत करना उसका काम था. भारतीय सेना में लेफ्टिनेंट के पद पर नियुक्त होकर नवीन ने हमारा गौरव बढ़ाया है. हमें अपने बेटे की उपलब्धि पर गर्व है- दलबीर कौशिक, नवीन के पिता