नई दिल्ली | वंदे भारत एक्सप्रेस में अब बदलाव होने वाला है. अब तक चलने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस में केल बैठने की व्यवस्था है लेकिन जल्द ही यात्री स्लीपर का आनंद ले सकेंगे. दरअसल, भारतीय रेलवे ने स्लीपर वंदे भारत को ट्रैक पर उतारने की तैयारी पूरी कर ली है. इसकी समय सीमा भी तय कर दी गई है. रेल मंत्रालय के मुताबिक, इसका डिजाइन लगभग फाइनल हो चुका है. अब तक 35 वंदे भारत एक्सप्रेस को ट्रैक पर उतारा जा चुका है.
बता दें कि नई वंदे भारत का स्लीपर कोच राजधानी और अन्य प्रीमियम ट्रेनों से थोड़ा अलग होगा. इसमें प्रत्येक कोच में चार की जगह तीन शौचालय होंगे. इसके साथ ही, एक मिनी पेंट्री भी बनाई जाएगी. एक स्लीपर वंदे भारत ट्रेन में कुल 823 बर्थ होंगी. इसमें यात्रियों के लिए 823 बर्थ और स्टाफ के लिए 34 बर्थ होंगी. स्लीपर वंदे भारत का प्रोटोटाइप दिसंबर 2023 तक तैयार हो जाएगा. वास्तविक ट्रेन चालू वित्तीय वर्ष में आएगी.
वंदे भारत एक्सप्रेस की वर्तमान खासियत
नई वंदे भारत एक्सप्रेस हल्की है और महज 52 सेकंड में 100 किमी की रफ्तार पकड़ सकती है. वर्तमान में सभी वंदे भारत ट्रेनें पूरी तरह से वातानुकूलित हैं और इनमें स्वचालित दरवाजे हैं. किसी भी आपात स्थिति में एक बटन दबाकर ट्रेन को रोका जा सकता है. वंदे भारत ट्रेन की कुर्सी को 180 डिग्री तक घुमाया जा सकता है. ट्रेन में जीपीएस आधारित सूचना प्रणाली, सीसीटीवी कैमरे, वैक्यूम शौचालय हैं.
