नई दिल्ली, IGNOU | देश के युवाओं को उच्च शिक्षा के साथ- साथ सीधे रोजगार की दिशा में आगे बढ़ाने के लिए एक ऐतिहासिक कदम उठाया गया है. इंदिरा गांधी नेशनल ओपन यूनिवर्सिटी और भारत सरकार के कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय (MSDE) द्वारा प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना (PMKVY) को लागू करने के लिए एक अहम समझौता ज्ञापन (MoU) पर साइन किए गए हैं. इस पार्टनरशिप के तहत, इग्नू के सभी 70 क्षेत्रीय केंद्रों में स्किल सेंटर स्थापित किए जाएंगे. इस MoU का मुख्य लक्ष्य भारत की राष्ट्रीय स्किलिंग प्राथमिकताओं के साथ उच्च शिक्षा को एकीकृत करना है.
कौशल भवन में हुआ समझौता
यह सहयोग इग्नू के मेगा नेटवर्क का इस्तेमाल करके देश के दूरदराज के क्षेत्रों तक कौशल प्रशिक्षण (Skill Training) को पहुंचाने के लिए एक बड़ी कोशिश है. इस कदम का मुख्य लक्ष्य इग्नू के रीजनल केंद्रों को कौशल विकास केंद्र बनाकर, उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे या कर चुके छात्रों को उद्योग- केंद्रित, रोजगार योग्य कौशल प्रदान करना है. ये नए सेंटर पीएमकेवीवाई के तहत एनएसक्यूएफ- अलाइन (NSQF-aligned) और उद्योग- केंद्रित प्रशिक्षण कार्यक्रमों का संचालन करेंगे.
यह समझौता नई दिल्ली के कौशल भवन में किया गया है. इस दौरान इग्नू की कुलपति प्रोफेसर उमा कांजीलाल और इतकार की सचिव देबाश्री मुखर्जी सहित दोनों संस्थानों के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे.
इग्नू का व्यापक नेटवर्क
वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में हुए इस समझौते ने कौशल विकास और शिक्षा के क्षेत्र में एक नए चैप्टर को शुरू किया है. इग्नू इस पहल में एक मेंन ट्रेनिंग पार्टनर के रूप में काम करेगा. इग्नू की यह भूमिका इसलिए भी अहम है, क्योंकि इसके पास देश भर में एक व्यापक नेटवर्क उपलब्ध है. IGNOU का यह बड़ा नेटवर्क प्रशिक्षण कार्यक्रमों को दूर-दराज के शिक्षार्थियों तक पहुंचाने में सहायता करेगा. इस सहयोग से, इग्नू केवल डिग्री प्रदान करने वाला संस्थान नहीं रहेगा, बल्कि यह एक ऐसा स्टेज बन जाएगा जहां छात्र अपनी शैक्षणिक योग्यता के साथ- साथ रोजगार के लिए जरूरी व्यावहारिक कौशल भी हासिल कर सकेंगे.
बीच की दूरी होगी कम
इससे देश के युवाओं को न सिर्फ ज्ञान मिलेगा, बल्कि वे बाजार की जरूरतों के मुताबिक प्रशिक्षित होकर बेहतर करियर बनाने में सक्षम होंगे. यह MOU भारत में शिक्षा और कौशल विकास के बीच की दूरी को कम करने की दिशा में एक मजबूत कदम देखा जा रहा है.
