टेक डेस्क । आने वाले कुछ समय में, लगभग अगले साल से अब फोन पर बात करने के लिए आपको, पहले से ज्यादा पैसे खर्च करने पड़ सकते हैं. वोडाफोन आइडिया यानी वीआई साल के आख़िरी तक या अगले साल की शुरुआत में ही टैरिफ को 15 से 20 फीसदी तक बढ़ाने पर विचार कर रहा है. इकोनामिक्स टाइम्स द्वारा दी गई खबर के अनुसार ये सभी कंपनियां अभी नुकसान का समना कर रहीं हैं और इसी वजह से टैरिफ में बढ़ोतरी पर विचार विमर्श भी किया जा रहा है.
सूत्रों के अनुसार प्राप्त हुई जानकारी..
इससे जुड़े एक सूत्र ने जानकारी देते हुए कहा है कि अभी टेलिकॉम कंपनियां रेगुलेटर की ओर से फ्लोर प्राइस फिक्स करने का वेट कर रही हैं. दरअसल, कंपनियां 25 फ़ीसदी टैरिफ बढ़ाना चाहती हैं, किन्तु एक वक्त में इतनी ज्यादा बढ़ोतरी मुमकिन नहीं है. अभी वोडाफोन, एयरटेल और जियो ने पिछले साल ही टैरिफ की कीमतें मे बढ़ोतरी की है. अभी वोडाफोन प्रति यूजर 119 रुपए, एयरटेल 162 रूपए और रिलायंस जियो 145 रूपए हर एक यूजर के हिसाब से चार्ज करते हैं. वीआई के एमडी रविंदर टक्कर जी ने साल की दूसरी तिमाही के परिणामों के पश्चात ही दाम बढ़ाने के संकेत दे दिए थे. साथ ही साथ उन्होंने भी कहा था कि सही समय पर दरें और भी बढ़ाईं जाएंगी, आज के समय में टैरिफ दरें निश्चित नहीं हैं.
कीमतों में हों सकती है बढ़ोतरी..
यहां भारती एयरटेल के सीईओ गोपाल विट्टल जी ने बातचीत के दौरान कहा है कि कीमतों में बढ़ोतरी करने वाला यह कोई पहला ऑपरेटर नहीं होगा, किन्तु यह अपने साथियों को उसी वक्त फॉलो करेगा, क्योंकि यह भी मंजूर है कि वर्तमान दरें बिल्कुल भी निर्धारित नहीं है. अगर एक्सपर्ट्स की बात मानी जाए तो उस स्थिति में, वोडाफोन के लिए अब टैरिफ के दाम बढ़ाना बहुत जरूरी हो गया है, क्योंकि जल्द ही उसे ए .जी .आर की किस्त का भुगतान करना है. वोडाफोन 4 जी नेटवर्क को ठोस करने के लिए भी निवेश करना चाहती है और इसके लिए कंपनी को पैसों की आवश्यकता अवश्य पड़ेगी.

