गुरुग्राम | अमृत भारत योजना के तहत गुरुग्राम के रेलवे स्टेशन को वर्ल्ड क्लास बनाने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया गया है. भारतीय रेलवे (Indian Railways) ने यात्रियों की सुविधा का ख्याल रखते हुए राजेंद्रा पार्क कॉलोनी की ओर गेट नंबर- 2 बनाने का फैसला किया है. इसके लिए सब्जी मंडी वाली जगह पर करीब 1 एकड़ जमीन अधिग्रहित की गई है. इस नए गेट के निर्माण से यात्रियों का समय बचेगा. साथ ही, शहर के एक बड़े हिस्से को ट्रैफिक जाम से छुटकारा मिलेगा.
वर्तमान में गुरुग्राम रेलवे स्टेशन का मुख्य एंट्री गेट केवल रेलवे रोड (ओल्ड गुरुग्राम) की ओर है. इसके कारण शहर के नए विकसित क्षेत्रों और द्वारका एक्सप्रेसवे की सोसायटी में रहने वालों को स्टेशन पहुंचने के लिए ओल्ड गुरुग्राम की तंग गलियों से होकर गुजरना पड़ता है. ऐसे में लोगों को इसी परेशानी से निजात दिलाने के लिए राजेंद्रा पार्क की तरफ गेट नंबर- 2 बनाने का फैसला लिया गया है.
नया गेट बनाने के फायदे
इस जगह पर स्टेशन के लिए एक और एंट्री गेट बनाने से राजेंद्रा पार्क और आसपास की 1 दर्जन से ज्यादा कालोनियों के लोगों को अब स्टेशन पहुंचने के लिए रेलवे रोड से होकर आने की जरूरत नहीं पड़ेगी. द्वारका एक्सप्रेसवे पर स्थित दर्जनों हाईराइज सोसायटियों की आबादी के लिए यह नया गेट एक तरह से वरदान साबित होगा. यहां के लोगों को गुरुग्राम रेलवे स्टेशन पर जाने के लिए दौलताबाद फ्लाईओवर और लक्ष्मण विहार की भीड़- भाड़ वाली सड़कों पर ट्रैफिक जाम से जूझना नहीं पड़ेगा.
इन इलाकों के लोगों ने कहा कि हमें स्टेशन पर पहुंचने के लिए ओल्ड गुरुग्राम के भीषण ट्रैफिक जाम से 2- 4 होना पड़ता था, लेकिन अब यह सफर आसान और कुछ ही मिनटों में पूरा होगा.
500 करोड़ होंगे खर्च
अमृत भारत योजना के तहत, गुरुग्राम रेलवे स्टेशन को विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस बनाने का काम जोरों से चल रहा है. 500 करोड़ रुपए की लागत से इस स्टेशन का पुनर्विकास किया जा रहा है. इसके तहत यात्रियों को इंटरनेशनल एयरपोर्ट की तर्ज पर आधुनिक वेटिंग रूम, फूड कोर्ट, एस्केलेटर, स्वचालित सीढियां, समय- सारणी के लिए एलईडी डिस्प्ले जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है.
