सोनीपत | हरियाणा के सोनीपत शहर (Sonipat City) को सबसे स्वच्छ शहर घोषित किया गया है. शहर में हुए अनुकरणीय स्वच्छता कार्य के चलते शहरी विकास मंत्रालय की ओर से अब 17 जुलाई को नई दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम में केंद्रीय शहरी मंत्री मनोहर लाल खट्टर के हाथों सोनीपत को मिनिस्ट्रियल स्टार अवॉर्ड से नवाजा जाएगा.
शहर में सफाई की बेहतरीन व्यवस्था
सोनीपत नगर निगम क्षेत्र के दायरे में 4 लाख से ज्यादा आबादी रहती है. उसके हिसाब से घर- घर कूड़ा- कचरा एकत्रित करने के लिए 85 सफाई वाहन चलाए जा रहे हैं. इन वाहनों में गीला व सूखा कूड़ा- कचरा एकत्रित करने की व्यवस्था है. इस व्यवस्था से शहर से डंपिंग प्वाइंट्स कम हुए हैं जिससे घर- घर से कूड़ा- कचरा एकत्रित करने के बाद सीधे मुरथल के पास सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट तक पहुंचाया जा रहा है.
यहां हर दिन 500 टन कूड़े- कचरे से 5 टन खाद और छह मेगावाट बिजली का उत्पादन किया जा रहा है. यह प्लांट प्रदेश का सबसे पहला प्लांट है. गीले कचरे से खाद तैयार होने के बाद किसानों को उपलब्ध करवाई जा रही है. इस प्लांट में रोजाना सोनीपत, पानीपत, गन्नौर व समालखा से कूड़ा- कचरा पहुंचाया जा रहा है.
इस तरह से हुआ सर्वे
स्वच्छता सर्वेक्षण के तहत शहरों को अलग- अलग पैमानों पर मापा जाता है. इसमें प्रतिदिन साफ- सफाई, नालियों की सफाई, सिंगल प्लास्टिक के इस्तेमाल पर प्रतिबंध, सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट आदि को शामिल किया गया था. वहीं, स्वच्छ भारत अभियान के तहत भी शहर में साफ- सफाई का सर्वे किया जाता है.
मार्च 2025 में केंद्रीय स्वच्छता टीम ने आवासीय और व्यवसायिक क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था का जायजा लिया. शहर में डोर- टू- डोर कूड़ा- कचरा एकत्रित की व्यवस्था और कचरा गाड़ियों की स्थिति देखी गई. इसके अलावा, पब्लिक व सार्वजनिक शौचालयों और अन्य जन सुविधाओं का निरीक्षण किया गया था. इसमें सोनीपत शहर को सबसे साफ- सुथरा पाया गया है.
मिनिस्ट्रियल स्टार अवार्ड के लिए सोनीपत का चयन किए जाने पर निगम अधिकारी व सफाई कर्मचारी बधाई के पात्र है. शहर में साफ- सफाई को और बेहतर बनाने के लिए कार्य किए जाएंगे. सोनीपत को देश में स्वच्छता के मामले में नंबर- 1 बनाना लक्ष्य है- राजीव जैन, मेयर, सोनीपत नगर निगम
