चंडीगढ़ | हरियाणा के सीएम नायब सैनी ने विकास एवं पंचायत विभाग और ग्रामीण विकास विभाग की विभिन्न योजनाओं को लेकर एडीसी, जिला परिषद के सीईओ, डीडीपीओ और पंचायती राज के कार्यकारी अभियंताओं के साथ समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की. इस बैठक में उन्होंने निर्देश दिए कि 500 वर्ग गज तक की शामलात भूमि पर अनाधिकृत रूप से निर्मित मकानों का नियमितीकरण करने के कार्यों में तेजी लाने के लिए ग्राम पंचायतों में ग्राम सभा की बैठकों का आयोजन किया जाए.

1 महीने में पूरी होगी रजिस्ट्री
पात्र लोगों को जागरूक करने के लिए ग्राम पंचायतों में मुनियादी करवाई जाए. अगले 3 सप्ताह के अंदर ग्राम सभा की बैठकों का आयोजन कर इसके तहत केसों का निपटान सुनिश्चित किया जाए. जिन जिलों के केस अप्रूव हो चुके हैं उनकी रजिस्ट्रियां जल्द करवाई जाए.
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना 2.0 के तहत जिन लाभार्थियों को अधिकार पत्र दिए गए है, लेकिन जिनकी रजिस्ट्री किसी कारणवश नहीं हुई है. उनकी रजिस्ट्री अगले 1 महीने में करवाना सुनिश्चित किया जाए. उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि स्वामित्व योजना को लेकर अलग से कैंप लगाकर त्रुटियों को ठीक किया जाए. स्वामित्व योजना के मानचित्र को ठीक कर इसकी रिपोर्ट एफसीआर को भेजना सुनिश्चित करें.
समन्वय स्थापित करें विभाग
उन्होंने कहा कि विभिन्न विकास कार्यों व योजनाओं को लेकर अधिकारी एक- दूसरे विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर काम करें, ताकि विकास कार्यों को समय पर पूरा किया जा सकें. मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि विकास कार्यों में गुणवता का ध्यान रखा जाए और समय- समय पर निर्माण सामग्री की चेकिंग भी करवाते रहे. उन्होंने स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) ठोस अपशिष्ट प्रबंधन शेड पर कहा कि जिन जिलों के कार्य इसके तहत लंबित है, वे जिले योजना बनाकर जल्द पूरा करे. फरीदाबाद, गुरुग्राम, झज्जर और पलवल के लिए गोबर धन योजना के तहत एक- एक प्रोजेक्ट बनाकर मुख्यालय भिजवाना सुनिश्चित करें.