देश के 15वें राष्ट्रपति के नाम का इंतजार जल्द होगा खत्म, देखें लेटेस्ट चुनाव अपडेट

नई दिल्ली | देश के 15वें राष्ट्रपति के नाम का इंतजार अब से कुछ देर में खत्म हो जाएगा. राष्ट्रपति चुनाव के पहले दौर की मतगणना समाप्त हो गई है. इसमें सांसदों के मतों की गिनती की गई है. चुनाव अधिकारी ने बताया कि 748 में से द्रौपदी मुर्मू को 540 वोट और यशवंत सिन्हा को 208 सांसद मिले. 15 वोट रद्द कर दिए गए हैं.

draupadi murmu

द्रौपदी मुर्मू का वोट वैल्यू 3 लाख 78 हजार है जबकि यशवंत सिन्हा का वोट वैल्यू 1 लाख 45 हजार 600 है. संसद के कमरा नंबर 63 में सांसदों के वोटों की गिनती पूरी होने के बाद अब राज्यों के वोटों की गिनती शुरू किया गया. इसके बाद विजयी प्रत्याशी की घोषणा की जाएगी. इधर, मतगणना के बीच गांव द्रौपदी मुर्मू में जश्न शुरू हो गया है.

25 को शपथ ग्रहण, भाजपा कार्यालय में जश्न की तैयारी

मतगणना समाप्त होने के बाद देश के नए राष्ट्रपति की घोषणा की जाएगी. राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद का कार्यकाल 24 जुलाई की मध्यरात्रि को समाप्त हो रहा है. नए राष्ट्रपति 25 जुलाई को शपथ लेंगे. यहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी मतगणना के बाद द्रौपदी मुर्मू से मिलने जाएंगे. इसके अलावा मुर्मू की जीत की आधिकारिक घोषणा के बाद भाजपा कार्यालय में भी जश्न की तैयारियां चल रही हैं. इसमें पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा भी शामिल होंगे.

यह भी पढ़े -   ITR Refund: क्या आपको भी है आइटीआर रिफंड का इंतजार, तो ऐसे करें आनलाइन जांच

पूरे देश में जीत के बाद जुलूस निकालेगी बीजेपी

मुर्मू की जीत को लेकर आश्वस्त बीजेपी नतीजों के बाद दिल्ली में विजय जुलूस निकालेगी. ऐसा पहली बार होगा जब राष्ट्रपति की जीत के बाद जुलूस निकाला जाएगा. राजपथ तक इस जुलूस का नेतृत्व बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा करेंगे. वहीं भाषण देंगे. पहली बार आदिवासी महिला के राष्ट्रपति चुने जाने का श्रेय पीएम मोदी को देंगे. हालांकि मुर्मू जुलूस में शामिल नहीं होंगे.

यह भी पढ़े -   आम जनता को मिलेगी महंगाई से राहत, बैठक में सरकार ने लिया बड़ा फैसला

द्रौपदी की जीत से राजनीतिक संदेश देने की तैयारी

द्रौपदी मुर्मू की जीत की घोषणा होते ही देशभर में जश्न शुरू हो जाएगा. द्रौपदी की जीत से बीजेपी आदिवासी समुदाय समेत पूरे देश और खासकर महिलाओं को एक खास संदेश देना चाहती है. मुख्यधारा से कटे हुए इस समुदाय को राजनीतिक संदेश देने के लिए कि प्रधानमंत्री मोदी और बीजेपी ही ऐसी पार्टियां हैं जो सत्ता के लिए नहीं बल्कि देश के वंचित तबके और दूसरे तबके के लिए काम करती हैं.

यही वजह है कि पार्टी कार्यकर्ताओं को सख्त हिदायत दी गई है कि जीत के बाद पोस्टर में द्रौपदी मुर्मू के साथ किसी और नेता की तस्वीर न लगाएं. माना जा रहा है कि पार्टी ने राष्ट्रपति चुनाव के बाद से ही 2024 में होने वाले आम चुनाव की तैयारी शुरू कर दी है.

यह भी पढ़े -   अगर चाहिए Confirm ट्रेन टिकट, तो तत्काल बुकिंग करते समय जरुर चुने ये ऑप्शन

इसलिए मुर्मू की जीत निश्चित मानी जा रही है.

बीजेपी ने 21 जून को मुर्मू को उम्मीदवार बनाया था, तब एनडीए के खाते में 5 लाख 63 हजार 825 यानी 52 फीसदी वोट थे. 24 विपक्षी दलों के साथ होने पर सिन्हा के साथ 4 लाख 80 हजार 748 यानी 44 फीसदी वोटों पर विचार किया जा रहा था. पिछले 27 दिनों में कई गैर-एनडीए दलों के समर्थन में आने से मुर्मू को निर्णायक बढ़त मिली है. अगर सभी 10 लाख 86 हजार 431 वोट पड़े तो मुर्मू को 6.67 लाख (61%) से ज्यादा वोट मिलेंगे. सिन्हा के वोट घटकर 4.19 लाख रह गए. जीत के लिए 5 लाख 40 हजार 065 वोट चाहिए.

हमें Google News पर फॉलो करे- क्लिक करे! हरियाणा की ताज़ा खबरों के लिए अभी हमारे हरियाणा ताज़ा खबर व्हात्सप्प ग्रुप में जुड़े!